PM Modi Mann Ki Baat: मन की बात में पीएम मोदी ने कारगिल वीरों को किया नमन, छात्रों और वैज्ञानिकों की भी सराहना
PM Modi Mann Ki Baat: कारगिल विजय दिवस पर पीएम नरेंद्र मोदी ने मन की बात कार्यक्रम में शहीद सैनिकों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने छात्रों, खिलाड़ियों और वैज्ञानिकों की उपलब्धियों की सराहना करते हुए भारत की बढ़ती रक्षा और तकनीकी क्षमता पर भी प्रकाश डाल
PM Modi Mann Ki Baat: कारगिल विजय दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने रेडियो कार्यक्रम "मन की बात" में देश के वीर शहीदों और सैनिकों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कारगिल युद्ध में देश की रक्षा के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान देने वाले जवानों को याद करते हुए उनके साहस और समर्पण की सराहना की। साथ ही उन्होंने देश के युवाओं, छात्रों, खिलाड़ियों, वैज्ञानिकों और इंजीनियरों की उपलब्धियों का भी उल्लेख किया।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कारगिल विजय दिवस हर भारतीय को गर्व से भर देता है। यह दिन देश के वीर जवानों के अद्भुत साहस और बलिदान की याद दिलाता है। उन्होंने कहा कि कारगिल की ऊंची चोटियां, कठिन मौसम और दुश्मनों की चुनौतियां सैनिकों के सामने थीं, लेकिन उनका हौसला हर मुश्किल से बड़ा था। देश की रक्षा के लिए उन्होंने अपना सब कुछ न्योछावर कर दिया। प्रधानमंत्री ने कहा कि कारगिल विजय दिवस के अवसर पर वह सभी वीर शहीदों और सैनिकों को श्रद्धापूर्वक नमन करते हैं।
छात्रों की उपलब्धियों की भी चर्चा
इस दौरान प्रधानमंत्री ने छात्रों की उपलब्धियों की भी चर्चा की। उन्होंने बताया कि फिजिक्स ओलंपियाड में भारत के सभी पांच छात्रों ने स्वर्ण पदक जीते और देश ने पहली रैंक हासिल की। उन्होंने कहा कि पिछले दस वर्षों में फिजिक्स ओलंपियाड में भारतीय छात्रों ने लगातार स्वर्ण या रजत पदक जीते हैं। केमिस्ट्री ओलंपियाड में भी सभी भारतीय छात्रों ने स्वर्ण पदक जीते, जो अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। बायोलॉजी ओलंपियाड में भी सभी छात्रों ने पदक हासिल किए, जिनमें एक स्वर्ण पदक शामिल है। वहीं गणित ओलंपियाड में भारतीय छात्रों ने दो स्वर्ण और चार रजत पदक जीते।
भारतीय खिलाड़ियों की उपलब्धियों का भी जिक्र
प्रधानमंत्री ने खेल जगत में भारतीय खिलाड़ियों की उपलब्धियों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु जापान ओपन का खिताब जीतने वाली पहली भारतीय बन गई हैं, जो पूरे देश के लिए गर्व की बात है। उन्होंने भारतीय महिला क्रिकेट टीम को भी बधाई दी, जिसने लंदन के लॉर्ड्स मैदान में अपना पहला टेस्ट मैच जीतकर इतिहास रचा है।
शौर्य विजय यात्रा क्या है?
पीएम मोदी ने कहा कि आज का भारत अपने वीरों को सिर्फ याद नहीं करता, बल्कि उनकी गाथा नई पीढ़ी तक भी पहुंचाता है। इसी उद्देश्य से इस वर्ष एक विशेष "शौर्य विजय यात्रा" निकाली गई है। यह मोटरसाइकिल यात्रा 14 जुलाई को दिल्ली के नेशनल वॉर मेमोरियल से शुरू हुई और द्रास स्थित कारगिल वॉर मेमोरियल तक पहुंचेगी। इस यात्रा का संदेश है "वन राइड, वन नेशन, वन सेल्यूट"। उन्होंने कहा कि यह यात्रा हमें याद दिलाती है कि राष्ट्र के लिए दिया गया बलिदान कभी भुलाया नहीं जा सकता।
देश की बढ़ती तकनीकी और रक्षा क्षमता का उल्लेख
प्रधानमंत्री ने देश की बढ़ती तकनीकी और रक्षा क्षमता का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि आज भारत अपने सैनिकों के साहस के साथ-साथ तकनीकी शक्ति को भी लगातार मजबूत कर रहा है। हाल ही में भारतीय नौसेना में आईएनएस महेंद्रगिरि को शामिल किया गया है। यह आधुनिक युद्धपोत भारत में ही डिजाइन और निर्मित किया गया है तथा इसमें 75 प्रतिशत से अधिक स्वदेशी सामग्री का उपयोग किया गया है। उन्होंने इसे आत्मनिर्भर भारत की बढ़ती ताकत का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि इसी महीने रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) ने पिनाका लॉन्ग रेंज गाइडेड रॉकेट का सफल परीक्षण किया है। इसके अलावा कुछ दिन पहले कुशा मिसाइल का भी सफल परीक्षण किया गया। प्रधानमंत्री ने इन उपलब्धियों का श्रेय वैज्ञानिकों और इंजीनियरों की मेहनत को दिया।
रक्षा उत्पादन, रक्षा निर्यात पर फोकस
पीएम मोदी ने कहा कि रक्षा उत्पादन, रक्षा निर्यात और मित्र देशों के साथ सहयोग के क्षेत्र में भारत लगातार नई ऊंचाइयों को छू रहा है। उन्होंने बताया कि हाल ही में इंडोनेशिया की यात्रा के दौरान ब्रह्मोस और अस्त्र मिसाइलों को लेकर एक बड़ा समझौता हुआ है। उन्होंने कहा कि दुनिया का भरोसा भारत की रक्षा तकनीक और रक्षा उपकरणों पर लगातार बढ़ रहा है और यह देश के लिए गर्व की बात है।