पुलिस ने गांधी स्कूल के बच्चों को दी एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग और साइबर क्राइम से बचाव की जानकारी, थानाध्यक्ष ने छात्रों से की यह भावुक अपील

नवादा जिले में पुलिस और प्रशासन द्वारा बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा उन्हें अपराधों के प्रति सचेत करने के लिए विशेष जागरूकता अभियान पूरी तेजी से चलया जा रहा है। इसी कड़ी में शनिवार को गांधी स्कूल कार्यक्रम का आयोजन किया गया....

पुलिस ने गांधी स्कूल के बच्चों को दी एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग
गांधी स्कूल के बच्चों को दी गई एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग और साइबर क्राइम से बचाव की जानकारी- फोटो : अमन सिन्हा

Nawada : जिले में बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा उन्हें अपराधों के प्रति सचेत करने के लिए पुलिस प्रशासन का विशेष जागरूकता अभियान पूरी तेजी से चल रहा है। इसी कड़ी में साइबर डीएसपी मोहम्मद शाहनवाज अख्तर की अध्यक्षता में शहर के प्रतिष्ठित गांधी स्कूल में एक वृहद 'एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग' (मानव तस्करी रोधी) जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस विशेष शिविर में पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ-साथ सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भी हिस्सा लिया, ताकि एक सुरक्षित समाज की नींव रखी जा सके।


POCSO एक्ट और बाल विवाह निषेध अधिनियम की दी गई विस्तृत जानकारी

इस संवेदीकरण कार्यक्रम में उपस्थित छात्र-छात्राओं को मानव तस्करी के खतरों से आगाह करने के साथ-साथ पॉक्सो (POCSO) एक्ट और बाल विवाह निषेध अधिनियम जैसे कड़े कानूनों के बारे में विस्तार से समझाया गया। एएचटीयू (AHTU) प्रभारी पुलिस निरीक्षक देव कुमार और महिला थाना की एसआई प्रीति कुमारी ने संयुक्त रूप से बच्चों को बताया कि नाबालिगों के खिलाफ होने वाला किसी भी प्रकार का शारीरिक या मानसिक उत्पीड़न कानूनन गंभीर अपराध है। इसके तहत दोषियों को सख्त से सख्त सजा देने का प्रावधान है।


सोशल मीडिया पर न आएं अनजानों के झांसे में, नगर थानाध्यक्ष की छात्रों से भावुक अपील

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नगर थानाध्यक्ष उमाशंकर सिंह ने आज के डिजिटल दौर में युवाओं को बेहद सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने विद्यार्थियों से विशेष अपील की कि वे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर अनजान लोगों के झांसे या दोस्ती के जाल में बिल्कुल न फंसें। उन्होंने आगाह किया कि अक्सर किशोर-किशोरी प्रेम प्रसंग के नाम पर बहकावे में आकर घर छोड़ने जैसी आत्मघाती गलती कर बैठते हैं, जो बाद में उनके लिए मानव तस्करी या बड़े अपराधों का शिकार बनने की वजह बन जाता है।


संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत दें सूचना, दीप्ति एनजीओ की टीम भी रही मुस्तैद

पुलिस अधिकारियों ने छात्र-छात्राओं को प्रेरित किया कि यदि वे अपने आस-पास, स्कूल में या रास्ते में कोई भी संदिग्ध गतिविधि या असुरक्षित माहौल देखें, तो बिना डरे इसकी सूचना तुरंत अपने माता-पिता, शिक्षकों या नजदीकी पुलिस स्टेशन को दें। इस दौरान नगर थाना के एसआई शानू कुमार और दीप्ति एनजीओ की टीम ने भी बच्चों को व्यावहारिक उदाहरणों के माध्यम से 'गुड टच और बैड टच' के अंतर तथा आपातकालीन हेल्पलाइन नंबरों के उपयोग के बारे में ट्रेनिंग दी।


सुरक्षित समाज के निर्माण के लिए जिले के सभी कोचिंग और स्कूलों में चलेगा अभियान

साइबर डीएसपी मोहम्मद शाहनवाज अख्तर ने कार्यक्रम के समापन पर बताया कि वर्तमान समय में बच्चों को कानूनन और तकनीकी रूप से साक्षर बनाना बेहद जरूरी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह विशेष जागरूकता अभियान केवल इसी स्कूल तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि आने वाले दिनों में नवादा जिले के सभी सरकारी व निजी स्कूलों तथा कोचिंग संस्थानों में चरणबद्ध तरीके से चलाया जाएगा। पुलिस का लक्ष्य हर बच्चे तक सुरक्षा का संदेश पहुँचाना और अपराधियों के हौसले पस्त करना है।


अमन सिन्हा की रिपोर्ट