कानून-व्यवस्था पर राबड़ी देवी ने नीतीश सरकार को घेरा, विधान परिषद के बाहर विपक्ष का जोरदार प्रदर्शन

उन्होंने कहा कि बिहार में बेटियों को खुलेआम धमकियां दी जा रही हैं, लेकिन राज्य की बेटियां डरने वाली नहीं हैं और अन्याय के खिलाफ आवाज उठाती रहेंगी।

Rabri Devi
Rabri Devi - फोटो : news4nation

Bihar Vidhan Parishad : बिहार विधान परिषद के बाहर गुरुवार को नेता प्रतिपक्ष राबड़ी देवी के नेतृत्व में विपक्ष ने जमकर हंगामा किया। विपक्ष ने राज्य में बिगड़ती कानून-व्यवस्था, बढ़ती हत्या, दुष्कर्म और बलात्कार की घटनाओं को लेकर सरकार पर गंभीर आरोप लगाए और जवाब की मांग की। राबड़ी देवी ने कहा कि बिहार में हालात बेहद चिंताजनक हैं। रेप, हत्या और बलात्कार की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, लेकिन सरकार हालात पर नियंत्रण करने के बजाय अपनी पीठ थपथपा रही है। उन्होंने कहा कि विपक्ष इन मुद्दों को लेकर सड़क से सदन तक संघर्ष करता रहेगा।


नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि सरकार विपक्ष की आवाज को दबाने की कोशिश कर रही है, लेकिन विपक्ष झुकने वाला नहीं है। उन्होंने कहा कि बिहार में बेटियों को खुलेआम धमकियां दी जा रही हैं, लेकिन राज्य की बेटियां डरने वाली नहीं हैं और अन्याय के खिलाफ आवाज उठाती रहेंगी। इस दौरान राबड़ी देवी ने हाल ही में मैट्रिक परीक्षा से जुड़े एक मामले का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि एक छात्रा को केवल कुछ मिनट देर से पहुंचने के कारण परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं दिया गया, जिसके बाद उसने आत्महत्या कर ली। राबड़ी देवी ने इस घटना को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि जिन लोगों ने छात्रा को केंद्र में प्रवेश से रोका, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर कोई छात्र दो-चार या पांच मिनट भी देर से पहुंचता है, तो उसे परीक्षा देने से रोकना कौन सा नियम है।

मंत्री -विधायक पीते हैं शराब 

बिहार विधान मंडल में गुरुवार को शराबबंदी को लेकर सियासी माहौल उस वक्त गरमा गया, जब राष्ट्रीय जनता दल के विधान परिषद सदस्य सुनील कुमार ने सरकार और सत्ता पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए। सुनील कुमार ने दावा किया कि बिहार में शराबबंदी के बावजूद शराब आसानी से उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि वह दावे के साथ कह सकते हैं कि सत्ता पक्ष के कई मंत्री और विधायक रोजाना शराब का सेवन करते हैं। यहां तक कि बिहार विधानमंडल परिसर में भी शराब की बोतलें खुलती हैं। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वे किसी मंत्री या विधायक का नाम नहीं लेंगे।

आरजेडी एमएलसी ने आरोप लगाया कि शराबबंदी कानून लागू कर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने करीब 25 हजार करोड़ रुपये का एक समानांतर कारोबार खड़ा कर दिया है। उन्होंने कहा कि बीते 10 वर्षों में बिहार की स्थिति गंभीर रूप से बिगड़ी है और राज्य ‘उड़ता पंजाब’ जैसी हालत की ओर बढ़ रहा है। सुनील कुमार का आरोप था कि छोटे-छोटे बच्चे तक सूखे नशे की चपेट में हैं, लेकिन सरकार आंख मूंदे बैठी है।  

अभिजीत की रिपोर्ट