रोहिणी आचार्य का गृह मंत्री अमित शाह पर करारा हमला: बोलीं- 'छात्रों और युवाओं का भविष्य बर्बाद करने पर तुली है केन्द्र सरकार'
लालू प्रसाद की पुत्री और राष्ट्रीय जनता दल की नेत्री रोहिणी आचार्य ने सोशल मीडिया के माध्यम से केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर तीखा हमला बोला है। रोहिणी ने अमित शाह पर देश के युवाओं को डराने और उनका भविष्य बर्बाद करने का गंभीर आरोप लगाई हैं......
Patna : लालू प्रसाद की पुत्री और राष्ट्रीय जनता दल की नेत्री रोहिणी आचार्य ने सोशल मीडिया के माध्यम से केंद्र सरकार और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने देश के युवाओं और प्रदर्शनकारी छात्रों के मुद्दे को उठाते हुए सरकार की कार्रवाई को तानाशाही रवैया करार दिया है।
छात्रों पर पैलेट गन चलाने और झूठे मुकदमे दर्ज करने का आरोप
रोहिणी आचार्य ने अपने सोशल मीडिया के एक्स अकाउंट एक तस्वीर डाली हैं, जिसमें केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पुलिस को आदेश देते हुए दिखाया गया है। साथ ही उन्होंने लिखा है गृह मंत्री के आदेश पर अपनी जायज मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पैलेट गन चलवाए गए और लाठीचार्ज कराया गया। उन्होंने कहा कि पहले तो छात्रों और युवाओं को घायल किया गया और अब उन पर झूठे आरोप लगाकर मुकदमे दर्ज कराए जा रहे हैं, जो सीधे तौर पर लोकतंत्र और देश के युवाओं पर हमला है।
'युवाओं से डरकर उनका भविष्य बर्बाद कर रही सरकार'
उन्होने लिखा है कि मोदी सरकार, गृह मंत्रालय और दिल्ली पुलिस की इस प्रकार की कार्रवाई से यह साफ होता है कि सरकार अपने ही देश के युवाओं से डरी हुई है। उन्होंने कहा कि जायज मांगों के लिए आवाज उठाने वाले छात्रों को न्याय देने की बजाय उन्हें प्रताड़ित करना और झूठे मामलों में फंसाना किसी लोकतांत्रिक सरकार की पहचान नहीं हो सकती।
गृह मंत्री की नैतिक जिम्मेदारी तय करने की मांग
रोहिणी आचार्य ने कहा है कि पीड़ित छात्रों को ही अपराधी साबित करने का खेल खेला जा रहा है, जिससे युवाओं के प्रति सरकार की बदनीयती उजागर होती है। चूंकि दिल्ली पुलिस सीधे तौर पर केंद्रीय गृह मंत्रालय के अधीन आती है, इसलिए छात्रों पर हुई इस कथित बर्बरता और दर्ज किए जा रहे मुकदमों की सीधी नैतिक जिम्मेदारी गृह मंत्री अमित शाह को लेनी चाहिए।
राजनीतिक गरमाहट और तीखी प्रतिक्रियाएं
रोहिणी आचार्य के इन आरोपों के बाद राजनीतिक हलकों में बयानबाजी तेज हो गई है। विपक्ष लगातार छात्रों और युवाओं के मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार पर हमलावर है, वहीं इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर भी व्यापक चर्चा देखने को मिल रही है।
रंजन की रिपोर्ट