नेपाल में तबाही के बाद बिहार पर मंडराते बाढ़ के खतरे को लेकर तेजस्वी ने केंद्र और राज्य सरकार को घेरा, सम्राट चौधरी को बताया रबर स्टैंप सीएम

नेपाल में भारी तबाही के बाद बिहार में मंडराते बाढ़ के खतरे को लेकर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी ने केन्द्र और राज्य सरकार पर हमला बोला है। कहा है कि पिछले 20 सालों से केन्द्र और राज्य में एनडीए की सरकार है, लेकिन बाढ़ को लेकर कोई ठोस कदम नही उठाया गया....

नेपाल में तबाही के बाद बिहार पर मंडराते बाढ़ के खतरे को लेकर
बाढ़ के खतरे को लेकर तेजस्वी ने केन्द्र और राज्य सरकार को घेरा- फोटो : रंजन कुमार

Patna : नेपाल में हुई भारी तबाही के बाद बिहार की प्रमुख नदियों के जलस्तर में हो रही वृद्धि और राज्य के कई जिलों में मंडराते बाढ़ के खतरे को लेकर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बिहार और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि नेपाल की मौजूदा स्थिति को देखते हुए बिहार में भी हालात बिगड़ने की पूरी आशंका है। तेजस्वी यादव ने सरकार से आग्रह किया कि सभी आवश्यक तैयारियां समय रहते पूरी की जाएं ताकि आम जनता को परेशानियों का सामना न करना पड़े। उन्होंने यह भी बताया कि वे स्वयं लगातार ग्राउंड फीडबैक ले रहे हैं कि किन-किन इलाकों में जलस्तर बढ़ने की संभावना है और सभी को पूरी तरह अलर्ट रहने की जरूरत है।


नेपाल से बातचीत न करने पर केंद्र व बिहार सरकार को घेरा

बीजेपी पर हमला बोलते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि बिहार में 21 वर्षों से डबल इंजन की सरकार है और केंद्र में भी वही सत्ता में हैं, लेकिन इसके बावजूद बाढ़ के स्थायी समाधान को लेकर नेपाल सरकार के साथ कोई ठोस बातचीत या उच्चस्तरीय बैठक नहीं की गई। उन्होंने कहा कि जब तक इस समस्या का कोई परमानेंट सॉल्यूशन (स्थायी समाधान) नहीं निकाला जाएगा, तब तक बिहार के लोगों को हर साल इस विभीषिका का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार बिहार में बाढ़ की गंभीर समस्या को लेकर बिल्कुल भी संवेदनशील नहीं है।


हेलीकॉप्टर सर्वेक्षण पर तंज और परमानेंट सॉल्यूशन की मांग

नेता प्रतिपक्ष ने प्रधानमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि वे केवल चुनाव के समय आकर भाषणबाजी करते हैं और चले जाते हैं। उन्होंने कहा कि हर साल केवल हेलीकॉप्टर से बाढ़ का हवाई सर्वेक्षण कर लेने से समस्या का हल नहीं निकलेगा। तेजस्वी यादव ने मांग की कि केंद्र सरकार, बिहार सरकार और नेपाल सरकार को मिलकर बाढ़ नियंत्रण के लिए एक ठोस और दीर्घकालिक रोडमैप बनाना चाहिए। गृह मंत्री द्वारा मुख्यमंत्री से बातचीत करने के सवाल पर उन्होंने कहा कि महज औपचारिक बातचीत या केंद्रीय टीमों के दौरे से बिहार को कोई स्थायी फल नहीं मिला है। उन्होंने याद दिलाया कि कोसी त्रासदी के समय तत्कालीन केंद्र सरकार ने 1000 करोड़ रुपये का पैकेज दिया था, लेकिन वर्तमान सरकार कोई गंभीर कदम नहीं उठा रही है।


'गुजरात से चल रही बिहार सरकार', सम्राट चौधरी पर बड़ा हमला

राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को 'रबर स्टैंप' करार दिया। उन्होंने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री से अब कुछ होने वाला नहीं है और वे कोई डिसीजन मेकर (निर्णायक) नहीं हैं। ऊपर से जो आदेश आता है, सम्राट चौधरी केवल उसी का पालन करते हैं। तेजस्वी यादव ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि बिहार की वर्तमान सरकार वास्तव में गुजरात से संचालित हो रही है और राज्य के नेताओं के पास निर्णय लेने की स्वतंत्र शक्ति नहीं बची है।


रंजन की रिपोर्ट