Bihar Politics: बिहार की बेटियों की काल बनी एनडीए सरकार ! सीएम नीतीश पर भड़के तेजस्वी यादव, कर दी बड़ी मांग

Bihar Politics: एनडीए सरकार बिहार की बेटियों की काल बन गई है..यह कहना है नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव का। तेजस्वी ने नीतीश सरकार पर बड़ा हमला बोला है। साथ ही उन्होंने बड़ी मांग भी सरकार से की है।

तेजस्वी यादव
तेजस्वी का बड़ा हमला - फोटो : social media

Bihar Politics:  बिहार में फिलहाल 10वीं की बोर्ड परीक्षा हो रही है। 17 फरवरी से परीक्षा शुरु हुई थी। परीक्षा में अगर अभ्यर्थी समय से एग्जाम सेंटर नहीं पहुंच रहे हैं तो उनकी परीक्षा छूट जा रही है। दरअसल, नियमों के सख्त होने से एक दो मिनट लेट से पहुंचने वाले अभ्यर्थियों को भी एंट्री नहीं मिल रही है। जिसके कारण बिहार में एक छात्रा ने ट्रेन से कूद कर अपनी जान भी दे दी है। कथित तौर पर छात्रा 2 मिनट देरी से सेंटर पर पहुंची तो उसे एंट्री नहीं मिली। जिसके बाद छात्रा ने ट्रेन के आगे कुद कर अपनी जान दे दी। वहीं अब इस मामले में नेता प्रतिपक्ष और राजद के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव ने नीतीश सरकार पर बड़ा हमला बोला है। 

बेटियों की काल बनी नीतीश-भाजपा सरकार

तेजस्वी यादव ने ट्विट कर कहा कि, बिहार की बेटियों का काल बनी नीतीश-भाजपा सरकार। पटना जिले के मसौढ़ी थाना क्षेत्र की कोमल कुमारी दसवीं की छात्रा थी। माँ बाप की उम्मीद और सुनहरे भविष्य की आशा। 10वीं कक्षा की पहली परीक्षा थी। जाम और अव्यवस्था के चलते परीक्षा केंद्र पहुँचने में कुछ मिनटों की देरी हो गई और उसे परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं मिला।

भविष्या के साथ हो रहा खिलवाड़ 

उसके लिए बिहार सरकार सारे दरवाज़े बंद कर चुकी थी। यह केवल स्कूल का दरवाजा ही नहीं था बल्कि दरवाजा उसके भविष्य का, उसकी सफलता का, उसकी नियति का और सबसे बढ़कर दरवाजा उसके जीवन का। कोमल कुमारी ने गुहार लगाई, मिन्नतें की कि उसे परीक्षा में बैठने दिया जाये पर किसी का दिल नहीं पसीजा। अंत में इस सरकारी व्यवस्था से निराश, हताश और परेशान होकर बिहार की इस कोमल बेटी ने कठोर बन ट्रेन के आगे कूद कर अपनी जान दे दी।

तेजस्वी का बड़ा हमला 

बिहारी होने के नाते हम दुखी है, ग़मज़दा है और हताश हैं। क्रूर निकम्मी सरकार के शासन में आख़िर बेटियों की जान लीलती इन अव्यवस्थाओं का कोई अंत भी तो नहीं दिखाई देता। हर जगह से तस्वीरें और वीडियो आ रहे हैं, बेटियां परीक्षा केंद्र के बंद गेट के आगे रो रही है पर दुख सुनने वाला कोई नहीं।  इस बहरी व्यवस्था के आगे अगर किसी और बेटी ने जान दे दी तो कितना ख़ौफ़नाक होता चला जाएगा ये सब। हम सभी को बोलना होगा, आवाज़ उठानी होगी।

नीतीश सरकार से मांग 

हम किसी भी कीमत पर बिहार की किसी और बेटी की जान एक दो मिनट की देरी के कारण नहीं जाने देंगे। हमारी बेटियां हमारा गर्व हैं और बिहारवासी अपने गर्व को बनाये रखने के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे। साथ ही सरकार को भी कहेंगे कि अविलंब कोमल कुमारी के परिजनों को मुआवजा दिया जाए और बेटियों को जाम आदि के कारण चंद  मिनटों से परीक्षा केंद्र पर देरी से पहुँचने पर प्रवेश दिया जाए। एक बेटी की जान एक दो मिनट से कहीं ज़्यादा कीमती और अमूल्य है।