Bihar Police SI Death: लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे पर मौत का तांडव, डबल डेकर बस पलटी, ड्यूटी से लौट रहे सीवान में दरोगा रामचंद्र राम समेत 6 की मौत,बिहार पुलिस महकमे में शोक की लहर
Bihar Police SI Death: बिहार के सीवान पुलिस लाइन में तैनात दरोगा रामचंद्र राम का लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे पर डबल डेकर एसी बस पलटने से मौत हो गई है...
Bihar Police SI Death: आगरा एक्सप्रेसवे, 26 मई 2026 मंगलवार की तड़के सुबह लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे पर उस वक्त दिल दहला देने वाला मंजर देखने को मिला जब एक तेज रफ्तार डबल डेकर एसी बस अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकराई और पलट गई। यह हादसा उन्नाव जिले के औरास थाना क्षेत्र अंतर्गत किलोमीटर 262 के पास नींभाखेड़ा गांव के समीप हुआ, जिसने कुछ ही पलों में खुशियों को मातम में बदल दिया।इस भयावह सड़क हादसे में कुल 6 यात्रियों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 24 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों में कई की हालत नाजुक बताई जा रही है, जिन्हें तत्काल लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया है। बस में करीब 30 यात्री सवार थे, जो दिल्ली से बिहार के गोरखपुर की ओर जा रहे थे।
हादसे में जान गंवाने वालों में बिहार के सीवान पुलिस लाइन में तैनात दरोगा रामचंद्र राम (59) भी शामिल हैं। उनकी मौत की खबर जैसे ही बिहार पुलिस महकमे तक पहुंची, पूरे विभाग में शोक की लहर दौड़ गई। पुलिस विभाग से लेकर उनके पैतृक गांव तक मातम पसर गया है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
जानकारी के अनुसार, सीवान पुलिस की एक टीम 24 मई को एक कैदी को गुरुग्राम कोर्ट में पेशी के लिए लेकर गई थी और वापसी के दौरान यह दर्दनाक हादसा हुआ। इस दुर्घटना में अन्य चार मृतकों की पहचान अभी तक नहीं हो सकी है, जिससे स्थिति और भी अधिक पीड़ादायक बनी हुई है।प्राथमिक जांच में सामने आया है कि बस चालक को नींद की झपकी आने के कारण वाहन पर नियंत्रण नहीं रहा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बस तेज रफ्तार में थी और अचानक अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बस पलटते ही कई यात्री खिड़कियों से बाहर जा गिरे और गंभीर रूप से घायल हो गए। कुछ यात्रियों को बेहद गंभीर चोटें आई हैं, जिनमें एक यात्री का पैर कटकर अलग हो जाने की भी दर्दनाक जानकारी सामने आई है।
बस के पलटने के बाद एक्सप्रेसवे पर अफरा-तफरी मच गई और चीख-पुकार से पूरा इलाका गूंज उठा। स्थानीय पुलिस और यूपीडा की टीमों ने तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। क्रेन और एंबुलेंस की मदद से घायलों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया।डॉक्टरों ने 6 यात्रियों को मृत घोषित कर दिया, जबकि बाकी घायलों का इलाज गंभीर स्थिति में जारी है। पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है और बस की गति, चालक की स्थिति और सुरक्षा मानकों की गहन पड़ताल की जा रही है।उधर, दरोगा रामचंद्र राम की मौत की खबर से सीवान पुलिस लाइन में सन्नाटा छा गया है। उनके साथी पुलिसकर्मी और अधिकारी गहरे सदमे में हैं। वहीं उनके गांव में भी मातम का माहौल है और हर आंख नम है। यह दर्दनाक हादसा एक बार फिर सवाल खड़ा करता है कि तेज रफ्तार और लापरवाही किस तरह यात्राओं को मौत के सफर में बदल देती है। फिलहाल प्रशासन घायलों के इलाज और मृतकों की पहचान की प्रक्रिया में जुटा हुआ है।