ई-रिक्शा का लाइसेंस नहीं रहने पर लगेगा 5 हजार का जुर्माना, शहर में जाम से मुक्ति के लिए प्रशासन ने की पहल

ई-रिक्शा का लाइसेंस नहीं रहने पर लगेगा 5 हजार का जुर्माना, श

Supaul - शहर में जाम की समस्या को देखते हुए इसके समाधान के लिए अनुमंडल पदाधिकारी सदर इंद्रवीर कुमार एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी  गौरव गुप्ता के द्वारा सभी पक्षकारों के साथ अनुमंडल में बैठक आयोजित की गई। अनुमंडल पदाधिकारी के द्वारा बताया गया कि पूर्व में भी बृहद पैमाने पर अतिक्रमण व जाम हटाने की कार्रवाई की गई है एवं हटाए गए अतिक्रमित जगह व जाम को अतिक्रमण मुक्त रखे जाने की आवश्यकता है। 

नगर परिषद के प्रतिनिधि के द्वारा बताया गया कि पूर्व में किए गए अतिक्रमण हटाओ अभियान के तहत शहर के सारे अतिक्रमण को मुक्त कर दिया गया है वर्तमान में अस्थाई रूप से दुकानदारों के द्वारा अपना सामान दुकान के बाहर रखकर अतिक्रमण किए हुए हैं जिन पर पुलिस बल एवं नगर परिषद के सहायता से अतिक्रमण हटाए जाने की आवश्यकता है तथा लगातार कार्रवाई करने की आवश्यकता है। 

अनुमंडल पदाधिकारी एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के द्वारा नगर परिषद को निर्देश दिया गया कि वह दो-तीन दिन व्यापक रूप से प्रचार प्रसार करें कि कोई भी दुकानदार यदि अपने सामान को दुकान के अंदर न रखकर बाहर रखते हैं तो उन पर ज्यादा से ज्यादा राशि में जुर्माना लगाया जा सकता है एवं सामान भी जप्त किया जा सकता है। 

जाम का सबसे बड़ा कारण

बैठक में यातायात थानाध्यक्ष एवं यातायात पुलिस उपाधीक्षक के द्वारा बताया गया कि शहर में अनियंत्रित तरीके से चल रहे ई रिक्शा के कारण भी जाम की समस्या बनी रहती है। इस पर अनुमंडल पदाधिकारी एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के द्वारा निर्देश दिया गया कि जितने भी ई रिक्शा हैं उन पर निगरानी रखी जाए शहर में यदि कोई भी नाबालिग बिना लाइसेंस के ई रिक्शा चलाते हैं तो 25000 रुपये तक जुर्माना हो सकता है।

 साथ ही बिना नंबर के ई-रिक्शा पर भी ज्यादा से ज्यादा राशि में जुर्माना की जा सकती है। इसके साथ ही गाड़ी का लाइसेंस नहीं रहने पर भी 5000 रुपये तक जुर्माना लिया जा सकता है। रोड पर ही गाड़ी खड़ा कर ई रिक्शा से यात्रियों को उतारने और चढ़ाने के कारण भी सड़क पर जाम लग जाती है। 

जब्त  कर थाने में रखें  गाड़ियां

इस पर अनुमंडल पदाधिकारी के द्वारा बताया गया कि वैसे ई रिक्शा एवं अन्य गाड़ियों पर अवैध पार्किंग का सख्त जुर्माना लगाया जाए एवं आवश्यकता पड़ने पर गाड़ी को जप्त कर थाना में रखा जाए। बिना लाइसेंस व बिना इंश्योरेंस के ई-रिक्शा पर भी कठोर व कड़ी निगरानी रखी जाए। 

बैठक में ई-रिक्शा के चालकों के प्रतिनिधि को बताया गया कि सभी ई रिक्शा वालों के साथ बैठक कर इस बात की जानकारी दे दी जाए अन्यथा मंगलवार के बाद कार्रवाई की जाएगी एवं जुर्माना व गाड़ी जप्त किए जाने की कार्रवाई के भागीदार स्वयं ई रिक्शा चालक होंगे। 

बैठक में यातायात पुलिस उपाधीक्षक कमलेश्वर प्रसाद, यातायात थानाध्यक्ष उपेंद्र प्रसाद, नगर थानाध्यक्ष अनिरुद्ध प्रसाद, नगर परिषद के पदाधिकारी व कर्मी तथा ई-रिक्शा संचालक संघ के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे।