थाना हाजत में बिट्टू यादव की संदिग्ध मौत: पीड़ित परिवार से मिले सांसद पप्पू यादव, कानून-व्यवस्था पर उठाए गंभीर सवाल

थाना हाजत में बिट्टू यादव की संदिग्ध मौत: पीड़ित परिवार से म
मृतक बिट्टू यादव के परिवार से मिले सांसद पप्पू यादव- फोटो : विनय कुमार मिश्रा

Supaul : जिले के जदिया थाना क्षेत्र अंतर्गत कोरियापट्टी पूरब पंचायत के रजगांव (वार्ड संख्या 2) में जदिया थाना हाजत के भीतर नंदन कुमार के 24 वर्षीय पुत्र बिट्टू कुमार की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद सियासी और सामाजिक उबाल आ गया है। इस दुखद और दुर्भाग्यपूर्ण घटना की सूचना मिलते ही पूर्णिया के सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव पीड़ित परिवार से मिलने उनके आवास पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले मृतक बिट्टू यादव के तैल चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी और फिर शोकाकुल परिजनों से मिलकर अपनी गहरी संवेदना प्रकट की।


पुलिसिया पिटाई से मौत का आरोप, DIG और SP से वार्ता 

पीड़ित परिवार ने सांसद के सामने रो-रोकर आरोप लगाया कि पुलिस की बर्बर और निर्मम पिटाई के कारण ही हाजत के अंदर बिट्टू कुमार की जान गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए सांसद पप्पू यादव ने तुरंत मौके से ही सहरसा रेंज के डीआईजी (DIG) और सुपौल के पुलिस अधीक्षक (SP) से फोन पर बात की। उन्होंने दोनों अधिकारियों से इस संदिग्ध मौत मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच सुनिश्चित करने को कहा। सांसद ने दो टूक शब्दों में कहा कि यदि जांच में पुलिसकर्मी या कोई भी अन्य व्यक्ति दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कानूनन कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।


तत्काल आर्थिक सहायता और युवाओं से नशे से दूर रहने की अपील 

पीड़ित परिवार को संबल देते हुए सांसद पप्पू यादव ने अपनी ओर से मृतक की पत्नी को तत्काल 25,000 रुपये की आर्थिक सहायता राशि प्रदान की और भविष्य में भी हरसंभव कानूनी और सामाजिक मदद का भरोसा दिलाया। इसके बाद पत्रकारों और स्थानीय ग्रामीणों को संबोधित करते हुए सांसद ने युवाओं को एक विशेष संदेश दिया। उन्होंने कहा कि आज के समय में युवाओं को नशे की जानलेवा प्रवृत्ति से दूर रहने की सख्त जरूरत है। जब युवा नशे से बचेंगे, तभी समाज, राज्य और देश का भविष्य सुरक्षित और खुशहाल रह पाएगा।


बिहार की कानून-व्यवस्था पर तीखा हमला 

बिहार में लगातार बढ़ती आपराधिक घटनाओं और असामयिक मौतों पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए पप्पू यादव ने राज्य सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा, "आज बिहार में आम लोग असुरक्षा और भय के साए में जीने को मजबूर हैं। प्रदेश में औसतन हर 20 मिनट में एक मौत हो रही है, कोई भी सुरक्षित नहीं है। छात्र, युवा और किसान लगातार बढ़ते सामाजिक और आर्थिक दबावों का सामना कर रहे हैं, जो बेहद चिंताजनक है। हालात इतने बदतर हैं कि मुझे नहीं लगता कि 2027-28 आते-आते यहां आम लोगों की जिंदगी बच पाएगी। महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराध बढ़ रहे हैं, जिसे रोकने के लिए कानून-व्यवस्था को पूरी तरह दुरुस्त करना होगा।"


खान सर-रौशन सर विवाद पर दी प्रतिक्रिया 

वहीं जब मीडिया कर्मियों ने सांसद से चर्चित शिक्षक खान सर एवं रौशन सर से जुड़े हालिया विवाद पर सवाल पूछा, तो उन्होंने बेहद संतुलित जवाब दिया। पप्पू यादव ने कहा कि शिक्षा व्यवस्था या शिक्षकों से जुड़े किसी भी विवाद का समाधान हमेशा शांतिपूर्ण और मर्यादित तरीके से होना चाहिए। उन्होंने दोनों पक्षों से विद्यार्थियों के सुनहरे भविष्य और व्यापक हित को ध्यान में रखते हुए संयम बरतने तथा छात्रों से हर हाल में शांति बनाए रखने की पुरज़ोर अपील की। इस मौके पर रघुनंदन यादव, रामानंद यादव, मिन्नतुल्लाह खान सहित बड़ी संख्या में स्थानीय जनप्रतिनिधि और ग्रामीण उपस्थित रहे।


विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट