सरकार ने स्मॉल सेविंग स्कीम्स की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया, पांचवीं तिमाही में स्थिरता

सरकार ने आगामी अप्रैल-जून तिमाही (Q1FY26) के लिए स्मॉल सेविंग स्कीम्स की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं करने का फैसला लिया है। वित्त मंत्रालय ने शुक्रवार, 28 मार्च को एक नोटिफिकेशन जारी कर इस बात की जानकारी दी, जिससे लाखों निवेशकों को राहत मिली है। यह लगातार पांचवीं तिमाही है, जब सरकार ने इन योजनाओं की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया है।
स्मॉल सेविंग स्कीम्स, जैसे कि पोस्ट ऑफिस स्कीम्स, राष्ट्रीय बचत पत्र (NSC), सुकन्या समृद्धि योजना, और वरिष्ठ नागरिक बचत योजना जैसी योजनाओं में ब्याज दरें स्थिर रहने से निवेशकों को अपनी निवेश योजनाओं में विश्वास बनाए रखने का अवसर मिलेगा। इन योजनाओं में निवेश करने वाले लोग सरकार द्वारा निर्धारित ब्याज दरों पर अपना निवेश सुरक्षित समझते हैं, और यह निर्णय उनके लिए एक सकारात्मक संकेत है।
जब ब्याज दरें स्थिर रहती हैं, तो यह निवेशकों के लिए एक निश्चित लाभ की स्थिति उत्पन्न करता है। पिछले कुछ समय से निवेशकों को लगातार ब्याज दरों में बदलाव देखने को मिल रहा था, जिससे उनके निवेश पर अप्रत्याशित असर पड़ता था। लेकिन अब, लगातार पांचवीं तिमाही में ब्याज दरों के न बदलने से लोगों को अपनी योजनाओं में निवेश करने के लिए एक निश्चित माहौल मिल रहा है।
वित्त मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि इस समय स्मॉल सेविंग स्कीम्स की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। हालांकि, आगामी तिमाहियों में ब्याज दरों में बदलाव हो सकता है, जो पूरी तरह से बाजार की स्थितियों और सरकार की आर्थिक नीतियों पर निर्भर करेगा।
विशेषज्ञों के अनुसार, सरकार द्वारा ब्याज दरों में कोई बदलाव न करने का एक कारण यह हो सकता है कि वर्तमान में महंगाई दर और आर्थिक स्थितियां स्थिर बनी हुई हैं। इससे सरकार को यह समझने का अवसर मिला है कि स्मॉल सेविंग स्कीम्स की स्थिर ब्याज दरों से निवेशकों का विश्वास बना रहता है और यह समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए भी एक सुरक्षित निवेश विकल्प है।