India forex reserves fall: भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में $4.3 बिलियन की गिरावट, जानें कहां-कहां से घटा रिजर्व
India forex reserves fall: अगस्त 2025 में भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में $4.3 बिलियन की गिरावट दर्ज की गई। जानें FCA, गोल्ड और SDR में कितनी कमी हुई और इसका भारतीय अर्थव्यवस्था पर क्या असर पड़ेगा।

India forex reserves fall: भारत के विदेशी मुद्रा भंडार (Forex Reserves) में अगस्त 2025 के आखिरी हफ्ते में भारी गिरावट दर्ज की गई है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) द्वारा जारी ताज़ा आंकड़ों के मुताबिक, 22 अगस्त को समाप्त सप्ताह में देश के भंडार में $4.386 बिलियन की कमी आई। इससे पहले 15 अगस्त को समाप्त सप्ताह में $1.488 बिलियन की बढ़त देखी गई थी।
कुल भंडार कितना रह गया?
22 अगस्त 2025 को समाप्त सप्ताह में भंडार घटकर $690.720 बिलियन रह गया।27 सितंबर 2024 को भारत का विदेशी मुद्रा भंडार $704.885 बिलियन के रिकॉर्ड उच्च स्तर पर था।यानी लगभग एक साल में 14 बिलियन डॉलर से ज्यादा की कमी देखी गई।
FCA (Foreign Currency Assets) में सबसे बड़ी गिरावट
FCA भारत के कुल विदेशी मुद्रा भंडार का सबसे बड़ा हिस्सा है। 22 अगस्त वाले हफ्ते में $3.652 बिलियन की कमी हो गई।अब FCA घटकर $582.251 बिलियन रह गया है।FCA डॉलर के साथ-साथ यूरो, पाउंड और येन जैसी अन्य मुद्राओं के उतार-चढ़ाव से भी प्रभावित होता है।
गोल्ड रिजर्व भी घटा
सोने के भंडार में भी लगातार गिरावट जारी है। 22 अगस्त को समाप्त सप्ताह में $464 मिलियन की कमी देखी गई है।इससे पहले वाले सप्ताह में भी $493 मिलियन घटा था।अब भारत का गोल्ड रिजर्व $85.003 बिलियन रह गया है।
SDR (Special Drawing Rights) और IMF रिजर्व में कमी
SDR में 23 मिलियन डॉलर की कमी हुई है। अब SDR घटकर $18.736 बिलियन रह गया है।इसी सप्ताह IMF में रखे गए रिजर्व मुद्रा भंडार में भी $23 मिलियन की गिरावट।अब यह $4.731 बिलियन रह गया है।
भारत की अर्थव्यवस्था पर असर
मुद्रा स्थिरता पर दबाव: डॉलर की मांग बढ़ने पर रुपये में गिरावट का जोखिम।
आयात महंगा हो सकता है: खासकर कच्चा तेल और सोना, जिससे महंगाई बढ़ सकती है।
निवेशकों की धारणा: विदेशी निवेशक भारत की आर्थिक मजबूती का आकलन फॉरेक्स रिजर्व से करते हैं।
RBI की क्षमता पर असर: विदेशी मुद्रा हस्तक्षेप (rupee stabilisation) की क्षमता थोड़ी कम होती है।