Patna Crime News: पटना में स्मैक का बड़ा सिंडिकेट बेनकाब, रोजाना लाखों का नशे का कारोबार, ग्राहक बनकर पहुंची पुलिस का बाढ़ से बख्तियारपुर तक बड़ा प्रहार

Patna Crime News:बिहार में शराबबंदी के बीच सूखे नशे का काला कारोबार तेजी से पैर पसार रहा है। ...

Patna Police Bust Smack Syndicate
पटना में स्मैक का बड़ा सिंडिकेट बेनकाब- फोटो : social Media

Patna Crime News:बिहार में शराबबंदी के बीच सूखे नशे का काला कारोबार तेजी से पैर पसार रहा है। स्मैक और हेरोइन की तस्करी को लेकर लगातार सवाल उठाते रहे हैं , इस बीच पटना पुलिस ने नशे के सौदागरों के खिलाफ बड़ा प्रहार करते हुए बाढ़ के ढेलवा गोसाईं मोहल्ले में चल रहे कथित स्मैक सिंडिकेट का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने सगे भाई-बहनों समेत छह आरोपितों को गिरफ्तार किया है। छापेमारी में नकदी, स्मैक, मोबाइल फोन और नशे में इस्तेमाल होने वाली सिरिंज बरामद की गई हैं। पुलिस को आशंका है कि इस नेटवर्क के तार नशे के दूसरे कारोबारियों से भी जुड़े हो सकते हैं।

ग्राहक बनकर पहुंची पुलिस, फिर पूरे अड्डे की घेराबंदी

बाढ़ में स्मैक के इस कथित अड्डे का खुलासा किसी फिल्मी पटकथा से कम नहीं रहा। डीएसपी रामकृष्ण के नेतृत्व में विशेष जांच टीम गठित की गई। पुलिसकर्मियों को ग्राहक बनाकर ढेलवा गोसाईं मोहल्ले स्थित अड्डे पर भेजा गया। जैसे ही स्मैक के कारोबार की पुष्टि हुई, पुलिस ने पूरे मकान को घेर लिया और छापेमारी कर छह लोगों को दबोच लिया।गिरफ्तार आरोपितों की पहचान आरती कुमारी, पूजा देवी, आलोक कुमार, कर्मवीर कुमार, विजय कुमार और धर्मेंद्र कुमार के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, आलोक कुमार कथित तौर पर सिंडिकेट का मुख्य संचालक है, जबकि आरती और पूजा उसकी सगी बहनें हैं। कार्रवाई के दौरान मौके से 2.62 लाख रुपये नकद, स्मैक की 25 पुड़िया, छह मोबाइल फोन, पांच इस्तेमाल की गई और तीन नई सिरिंज बरामद की गईं।जांच में यह भी सामने आया है कि इस अड्डे से प्रतिदिन एक लाख रुपये से अधिक का कारोबार होने की आशंका है। पुलिस को गिरोह के पास नशीले पदार्थों का अतिरिक्त स्टॉक होने का भी संदेह है। इस मामले में एनडीपीएस एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर आरोपितों को जेल भेज दिया गया है। पुलिस अब नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की तलाश में जुटी है।

झपटमारी के आरोपी से मिला स्मैक के अड्डे का सुराग

पुलिस की कार्रवाई के पीछे एक नशेड़ी से मिली जानकारी अहम कड़ी बनी। गुरुवार शाम झपटमारी करते हुए पकड़े गए एक आरोपी से पूछताछ के दौरान बाढ़ के स्मैक सिंडिकेट का सुराग मिला। इसके बाद पुलिस ने गुप्त तरीके से जांच आगे बढ़ाई और कथित नशे के अड्डे तक पहुंच गई। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि स्मैक की सप्लाई कहां से होती थी और इस अवैध कारोबार में कौन-कौन शामिल हैं।

नौबतपुर में डिलीवरी बॉय गिरफ्तार, 105 पुड़िया स्मैक बरामद

उधर, नौबतपुर थाना क्षेत्र के गोनवां ओपी अंतर्गत कर्णपुरा के पास वाहन जांच के दौरान पुलिस ने एक कथित डिलीवरी बॉय को स्मैक के साथ गिरफ्तार किया। ओपी प्रभारी मंजीत कुमार के नेतृत्व में हुई कार्रवाई में बाइक सवार अमन कुमार, निवासी अजवां, की तलाशी ली गई। उसके बैग से स्मैक की 105 पुड़िया और 2,200 रुपये नकद बरामद हुए।पुलिस के मुताबिक, बरामद स्मैक का वजन करीब 20 ग्राम है और इसकी अनुमानित कीमत 35 हजार रुपये बताई गई है। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी किसके इशारे पर नशीले पदार्थों की डिलीवरी करता था और इसके पीछे कौन-सा नेटवर्क सक्रिय है।

बख्तियारपुर में हेरोइन तस्करों पर शिकंजा

नशे के कारोबार के खिलाफ एक अन्य कार्रवाई में बख्तियारपुर पुलिस ने एनएच-31 पर छापेमारी कर पांच कथित तस्करों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से 73.24 ग्राम हेरोइन के साथ एक कार और एक स्कूटी भी बरामद की गई। लगातार हो रही इन कार्रवाइयों से पटना जिले में सक्रिय नशा तस्करी के नेटवर्क पर पुलिस का शिकंजा कसता दिखाई दे रहा है।

नशे के काले कारोबार की जड़ तक पहुंचेगी पुलिस?

बाढ़, नौबतपुर और बख्तियारपुर में हुई कार्रवाई ने सूखे नशे के अवैध कारोबार को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस की चुनौती अब केवल आरोपितों को गिरफ्तार करने तक सीमित नहीं है, बल्कि सप्लाई चेन, पैसों के लेन-देन और नेटवर्क के बड़े संचालकों तक पहुंचना भी है। यदि जांच में इन कड़ियों की पुष्टि होती है, तो नशे के इस कारोबार से जुड़े अन्य चेहरे भी बेनकाब हो सकते हैं। फिलहाल, पुलिस की आगे की जांच और संभावित गिरफ्तारियों पर सबकी निगाहें टिकी हैं।