Bihar Crime: गुटखा उधार नहीं देने पर फायरिंग,नाबालिगों के तांडव से इलाके में दहशत
Bihar Crime: महज गुटखा उधार नहीं देने पर तनाव की चिंगारी भड़क उठी और मामला सीधे फायरिंग तक जा पहुंचा।
Bihar Crime: बिहार से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां महज गुटखा उधार नहीं देने पर तनाव की चिंगारी भड़क उठी और मामला सीधे फायरिंग तक जा पहुंचा। घटना सुपौल जिले के पिपरा थाना क्षेत्र के निर्मली पंचायत स्थित मेहता टोला वार्ड-7 की है, जहां इस वारदात के बाद पूरे इलाके में ‘खौफ का माहौल’ बन गया है।
पीड़ित महिला दुकानदार प्रमिला देवी के मुताबिक, शाम करीब 7:30 बजे एक बाइक पर सवार तीन किशोर उनकी जनरल स्टोर दुकान पर पहुंचे और राज निवास गुटखा उधार मांगा। जब महिला ने उधार देने से साफ इनकार कर दिया और दूसरी दुकान से लेने की बात कही, तो तीनों गुस्से से तिलमिला उठे।
जाते-जाते उन्होंने खुलेआम धमकी दी तुम्हारे ऊपर गोली चलेगी, जिससे माहौल पहले ही तनावपूर्ण हो गया। लेकिन असली खौफ तब फैला जब करीब आधे घंटे बाद तीनों युवक फिर लौटे और दुकान के पास एक राउंड फायरिंग कर दी। गनीमत रही कि उस वक्त महिला दुकान बंद कर आंगन में जा चुकी थीं, वरना बड़ा हादसा हो सकता था।
यहीं नहीं, रात करीब 8 बजे आरोपियों ने महिला के घर के सामने सड़क पर फिर से फायरिंग कर दहशत का खेल दोहराया। गोलियों की आवाज सुनते ही आसपास के लोग घरों से बाहर निकल आए और इलाके में अफरा-तफरी मच गई। घटना के बाद भी आरोपियों का हौसला’ कम नही हुआ। रात करीब 10:30 बजे दो युवक फिर बाइक से वहां से गुजरते दिखे, जिन्हें ग्रामीणों ने पहचान लिया। लोगों ने उन्हें पकड़ने की कोशिश की, लेकिन वे तेजी से फरार हो गए।
पीड़िता के बेटे सोनू कुमार ने थाने में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों का दावा है कि दो आरोपियों की पहचान हो चुकी है, जबकि तीसरा अब भी अज्ञात है। बताया जा रहा है कि तीनों आरोपी नाबालिग हैं, जिसने इस घटना को और ज्यादा चौंकाने वाला बना दिया है।
वहीं पिपरा थानाध्यक्ष राजेश कुमार झा ने बताया कि मामला आपसी विवाद का है और आवेदन के आधार पर जांच की जा रही है। हालांकि, उन्होंने फायरिंग की पुष्टि नहीं की है। फिलहाल गांव में खामोश डर पसरा हुआ है और लोग दहशत में हैं। एक मामूली उधारी के विवाद ने जिस तरह गोलियों की गूंज ले ली, उसने कानून-व्यवस्था और युवाओं के बढ़ते ‘बेखौफ रवैये’ पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
रिपोर्ट - विनय कुमार मिश्र