Bihar Police: थानाध्यक्ष चांदनी कुमारी सस्पेंड, शिकायतों और संदिग्ध आचरण पर एसएसपी ने नाप दिया
Bihar Police:पुलिस महकमे में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई सामने आई है। थानाध्यक्ष चांदनी कुमारी सांवरिया को एसएसपी ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। ..
Vaishali: जिले के पुलिस महकमे में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई सामने आई है। महिसौर थाना की थानाध्यक्ष चांदनी कुमारी सांवरिया को एसएसपी शुभांक मिश्रा ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। कर्तव्य निर्वहन में अनियमितता और संदिग्ध आचरण से जुड़ी शिकायतों के बाद पुलिस कप्तान ने यह सख्त कदम उठाया है। इस कार्रवाई से वैशाली पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।वरीय पुलिस अधीक्षक कार्यालय, वैशाली की ओर से 4 नवंबर 2026 को जारी प्रेस विज्ञप्ति में निलंबन की आधिकारिक जानकारी दी गई है। विज्ञप्ति के अनुसार, महिसौर थानाध्यक्ष पुलिस अवर निरीक्षक चांदनी कुमारी सांवरिया के विरुद्ध कई शिकायतें प्राप्त हुई थीं। इन शिकायतों और उपलब्ध साक्ष्यों का प्रथम दृष्टया अवलोकन करने पर कर्तव्य निर्वहन में अनियमितता तथा संदिग्ध आचरण से संबंधित तथ्य सामने आए।
SSP शुभांक मिश्रा ने दिखाई सख्ती, तत्काल प्रभाव से कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी शुभांक मिश्रा ने बिना देरी किए थानाध्यक्ष को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने का आदेश जारी कर दिया। पुलिस महकमे में इस कार्रवाई को अनुशासन और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।बताया जा रहा है कि पुलिस अधिकारियों और कर्मियों के कामकाज में किसी तरह की लापरवाही अथवा अनियमितता को लेकर वरीय अधिकारी गंभीर हैं। इसी क्रम में शिकायतों को नजरअंदाज करने के बजाय उपलब्ध तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की गई है।
अपर पुलिस अधीक्षक यातायात को सौंपी गई जांच की जिम्मेदारी
निलंबन के साथ ही एसएसपी ने पूरे प्रकरण की निष्पक्ष, पारदर्शी और विस्तृत जांच का भी आदेश दिया है। इसकी जिम्मेदारी अपर पुलिस अधीक्षक यातायात, वैशाली को सौंपी गई है।अब जांच अधिकारी शिकायतों, उपलब्ध दस्तावेजों और संबंधित तथ्यों की पड़ताल करेंगे। जांच के दौरान जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की विभागीय कार्रवाई तय की जाएगी।
जांच रिपोर्ट पर टिकी निगाहें, पुलिस महकमे में हलचल
महिसौर थानाध्यक्ष के निलंबन के बाद जिले के पुलिस महकमे में इस कार्रवाई को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। एसएसपी शुभांक मिश्रा के इस कदम से पुलिस अधिकारियों और थानाध्यक्षों के बीच स्पष्ट संदेश गया है कि कर्तव्य निर्वहन में अनियमितता और संदिग्ध आचरण के मामलों को गंभीरता से लिया जाएगा।फिलहाल सभी की निगाहें अपर पुलिस अधीक्षक यातायात की जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं। अब देखना होगा कि जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और चांदनी कुमारी सांवरिया के खिलाफ आगे किस तरह की विभागीय कार्रवाई की जाती है।
रिपोर्ट- ऋषभ कुमार