हाईकोर्ट ने बाल विकास पदाधिकारी पर तीन हजार रुपये का लगाया अर्थदंड, कार्यपालक सहायक की बर्खास्तगी का है मामला

हाईकोर्ट ने बाल विकास पदाधिकारी पर तीन हजार रुपये का लगाया अर्थदंड, कार्यपालक सहायक की बर्खास्तगी का है मामला

पटना. पटना हाईकोर्ट ने कार्यपालक सहायक के पद से बर्खास्त कर दिए जाने के आदेश को निरस्त करने को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई की। कोर्ट ने मोतिहारी  (पूर्वी चंपारण) स्थित रमगढ़वा के बाल विकास पदाधिकारी पर तीन हजार रुपये का अर्थदंड लगाया। जस्टिस पी बी बजन्थरी ने दीपक कुमार द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए इस अधिकारी को अपने जेब से अर्थदंड की राशि जमा करने का आदेश दिया गया है। 

इस मामले में उक्त बाल विकास पदाधिकारी को कोर्ट द्वारा हलफनामा दाखिल कर यह बताने को कहा गया था कि इस तरह के अन्य मामलों में संविदा की अवधि में विस्तार किया गया है या नहीं ? याचिकाकर्ता ने मोतिहारी (पूर्वी चंपारण) के जिलाधिकारी द्वारा 11 सितम्बर, 2014 को जारी बर्खास्तगी के आदेश को निरस्त करने का आग्रह याचिका के जरिये किया था।

याचिककर्ता के अधिवक्ता अखिलेश दत्त वर्मा ने बताया कि याचिकाकर्ता को उसके पद से रामगढ़वा के सी डी पी ओ की अनुशंसा पर मनमाने और गैरकानूनी तरीके से बर्खास्त कर दिया गया है। याचिका में यह  अनुरोध किया गया है कि याचिकाकर्ता को कार्यपालक सहायक (डेटा एंट्री ऑपरेटर) के पद पर फिर से बहाल करने का आदेश दिया जाए। याचिकाकर्ता ने बकाया सैलरी का भुगतान करने के लिए आदेश देने का भी आग्रह किया है। इस मामले में अगली सुनवाई  22,दिसम्बर,2021 को की जाएगी।

Find Us on Facebook

Trending News