शिक्षा विभाग व एसएफसी के मिली भगत से हुआ एमडीएम घोटाला, सैकड़ों क्विंटल चावल डकार गए फर्जी ठेकेदार, मामला खुलने पर मचा हड़कंप

शिक्षा विभाग व एसएफसी के मिली भगत से हुआ एमडीएम घोटाला, सैकड़ों क्विंटल चावल डकार गए फर्जी ठेकेदार, मामला खुलने पर मचा हड़कंप

MOTIHARI : जिले का शिक्षा विभाग भ्रष्टाचार का केंद्र बन चुका है। यहां फर्जी शिक्षकों की बहाली होती है। जांच में दोषी पाए जाने के बाद भी उन पर कार्रवाई नहीं होती है। वहीं अब शिक्षा विभाग ने स्कूलों में नौनिहालों को मिलनेवाले मध्याह्न भोजन में भी बड़ा घोटाला कर दिया है। जिसका खुलासा होने के बाद जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया है। 

सैंकडों क्विंटल चावल का किया उठाव

पत्र।मामला पताही बीआरसी व एसएफसी गोदाम से जुड़ा है। यहां खाद्य निगम के गोदाम से मध्याह्न भोजन योजना के चयनित ठेकेदार की जगह एक फर्जी व्यक्ति द्वारा ठेकेदार बन एफसीआई गोदाम से जनवरी से फरवरी माह तक सैकड़ो क्विंटल चावल  का उठाव कर लिया है। इस गड़बड़ी की जानकारी तब सामने आई, जब मध्यान भोजन योजना के प्रखंड साधनसेवी को होने पर द्वारा जिला से कागजात निकाला गया। साधनसेवी द्वारा इसकी जानकारी जिला मध्यान भोजन कार्यालय एवं एसएफसी  गोदाम प्रभारी को दिया गया है।


बदल गई असली ठेकेदार की तस्वीर

प्रखंड के मध्याह्न भोजन योजना का चावल प्रखंड के खाद्य निगम के गोदाम से उठाव कर विद्यालय तक पहुंचाने के लिए जिला में हुए टेंडर के बाद जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने पीएम पोषण योजना पूर्वी चंपारण द्वारा चयनित संवेदक अभिमन्यु कुमार पिता रामएकबाल साह ग्राम पचपकरी के नाम से एकरारनामा दिनांक 1 जनवरी 2022 को किया। जिसकी जानकारी कार्यक्रम पदाधिकारी ने अपने पत्रांक 14 दिनांक 1 जनवरी 2022 के द्वारा प्रखंड साधन सेवी , संवेदक एवं प्रखंड गोदाम प्रबन्धक को दिया था। दावा है कि गोदाम प्रबंधक को जो जानकारी भेजी गई थी, उसमें अभिमन्यू कुमार का तस्वीर लगी थी, लेकिन खाद्य निगम के गोदाम पर पहुँचे पत्र में असली ठेकेदार अभिमन्यु का तस्वीर की जगह दूसरे फर्जी ठेकेदार का तस्वीर लगा पत्र पहुँच गया।

गोदाम में पहुंचे इसी तस्वीर वाले पत्र का फायदा उठाते हुए उक्त फर्जी ठेकेदार ने अभिमन्यु कुमार बन कर खाद्य निगम के गोदाम से पूर्व के दिसंबर माह के आवंटन ,जनवरी एवं फरवरी माह के मध्यान भोजन का चावल उठाव किया है। 

स्कूलों से वाउचर नहीं मिलने के बाद सामने आया मामला

उक्त फर्जी ठेकेदार द्वारा विद्यालयों से चावल प्राप्ति वाउचर अभी तक प्रखंड मध्यान भोजन योजना के साधनसेवी को नहीं दिया गया है, इसकी जानकारी साधनसेवी द्वारा जिला से एकरारनामा की प्रति निकालने के बाद हुआ है, जिसके बाद खाद्य निगम के गोदाम पर हड़कम्प मच गया है। 

अधिकारियों को दी गई जानकारी

गोदाम मैनेजर ने आनन फानन में इसकी जानकारी जिला को दिया गया है। मामले में पूछे जाने पर खाद्य निगम के गोदाम प्रवन्धक संजय कुमार गुप्ता ने बताया कि गोदाम पर मध्याह्न भोजन योजना के जिला से प्राप्त पत्र में जो फ़ोटो लगा है वह अभिमन्यु कुमार का नहीं है वह किसी फर्जी व्यक्ति का है और वह व्यक्ति अभिमन्यु कुमार बन कर साधनसेवी के साथ चावल का उठाव कर लिया गया है , जिसकी जानकारी वरीय पदाधिकारियो को दिया गया है।

अब मामले में तस्वीर कैसे बदली. यह जांच का विषय है जांच के बाद गोदाम से उठाव हुए मध्यान भोजन योजना के चावल के फर्जी ठेकेदार द्वारा सैकड़ों क्विंटल चावल के घोटाला उजागर हो सकता है।

REPORTED BY AWANISH MISHRA

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