शाही परिवार में हड़कंप: किंग चार्ल्स के भाई एंड्रयू गिरफ्तार, जन्मदिन पर ही सैंड्रिंघम स्थित घर से पुलिस ने उठाया

किंग चार्ल्स के भाई एंड्रयू को सार्वजनिक पद पर कदाचार के आरोप में उनके जन्मदिन पर गिरफ्तार किया गया है। उन्हें उम्रकैद की सजा का सामना करना पड़ सकता है।

शाही परिवार में हड़कंप: किंग चार्ल्स के भाई एंड्रयू गिरफ्तार
फोटो में वर्जीनिया ग्रिफे(बीच में) के साथ एंड्यू- फोटो : न्यूज4नेशन

N4N desk - लंदन: ब्रिटेन के शाही परिवार के सदस्य और दिवंगत क्वीन एलिजाबेथ के दूसरे बेटे एंड्रयू को गुरुवार सुबह करीब 8 बजे सैंड्रिंघम स्थित उनके आवास से हिरासत में लिया गया है। उन पर सार्वजनिक पद पर रहते हुए कदाचार (Misconduct in Public Office) का गंभीर आरोप है। संयोगवश, आज ही एंड्रयू का 65वां जन्मदिन भी है।

क्या है पूरा मामला और आरोप?

माना जा रहा है कि यह गिरफ्तारी उस समय से जुड़ी है जब एंड्रयू ब्रिटेन के ट्रेड एनवॉय (व्यापार दूत) के पद पर तैनात थे। अमेरिकी अपराधी जेफ्री एपस्टीन के साथ उनके संबंधों और पीड़िता वर्जीनिया गिफ्रे द्वारा लगाए गए यौन शोषण के आरोपों ने उन्हें लंबे समय से विवादों में घेर रखा था। वर्जीनिया गिफ्रे की अप्रैल 2025 में संदिग्ध परिस्थितियों (आत्महत्या) में मौत हो गई थी। 

उम्रकैद तक की हो सकती है सजा

इंग्लैंड के कानून के अनुसार, सार्वजनिक पद पर रहते हुए गलत बर्ताव एक अत्यंत गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है। यदि यह साबित हो जाता है कि उन्होंने जानबूझकर गलत काम किया है, तो उन्हें अधिकतम उम्रकैद की सजा भी हो सकती है। पुलिस उन्हें पूछताछ के लिए 96 घंटे तक हिरासत में रख सकती है और उनके ठिकानों की तलाशी ले सकती है। 

किंग चार्ल्स और प्रधानमंत्री की प्रतिक्रिया

भाई की गिरफ्तारी पर किंग चार्ल्स ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि "कानून अपना काम करेगा" और इस मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी। वहीं, प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने भी सख्त लहजे में कहा कि "कानून से ऊपर कोई नहीं है" और जानकारी रखने वाले सभी लोगों को गवाही देनी चाहिए। 

छिन चुके हैं सभी शाही खिताब

विवादों के चलते किंग चार्ल्स ने पिछले साल ही एंड्रयू से 'प्रिंस' का खिताब, 'ड्यूक ऑफ यॉर्क' की उपाधि और सभी सैन्य सम्मान वापस ले लिए थे। अब उन्हें आधिकारिक तौर पर केवल 'एंड्रयू माउंटबेटन-विंडसर' के नाम से जाना जाता है। उन्हें अपने आलीशान घर ‘रॉयल लॉज’ को खाली करने का आदेश भी पहले ही दिया जा चुका है।