मौत के सौदागरों के घर पर SDO का सर्जिकल स्ट्राइक: कमरों से लेकर छत तक बिछे थे 250 गैस सिलिंडर, मंजर देख कांप गई पुलिस!

अररिया जिले के फारबिसगंज में प्रशासन ने एक बड़ी त्रासदी को टालते हुए अवैध रसोई गैस भंडारण के काले खेल का भंडाफोड़ किया है। एसडीओ अभय कुमार के नेतृत्व में हुई इस छापेमारी ने घनी आबादी वाले पोखर बस्ती इलाके में चल रहे खतरनाक कारोबार को उजागर किया है।

N4N news - फारबिसगंज के पोखर बस्ती (वार्ड संख्या 15) में गुरुवार की देर शाम अनुमंडल प्रशासन ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी की। एसडीओ अभय कुमार के नेतृत्व में जब टीम साबिर अंसारी और उसके पुत्र इमरान अंसारी के आवासीय परिसर और दुकान पर पहुंची, तो वहां का नजारा देख अधिकारी भी अचंभित रह गए। घर के कमरों से लेकर छत तक, हर तरफ मौत का सामान यानी अवैध गैस सिलिंडर बिछे हुए थे। 

250 से अधिक सिलिंडर बरामद, ट्रैक्टरों से हुई ढुलाई

छापेमारी के दौरान कुल 250 से अधिक रसोई गैस सिलिंडर बरामद किए गए हैं। शुरुआती जांच में आवासीय परिसर से 150 सिलिंडर मिले, जिन्हें तुरंत ट्रैक्टरों पर लादकर थाने भेजा गया। इसके बाद जब पास ही स्थित बंद दुकान का शटर खोला गया, तो वहां भी 100 से अधिक सिलिंडर पाए गए। बरामद सिलिंडरों में भारत, एचपी और इंडेन जैसी प्रमुख कंपनियों के गैस सिलिंडर शामिल हैं। 

घनी आबादी के बीच 'बम' के ढेर पर बसा था शहर

यह मामला न केवल कालाबाजारी का है, बल्कि सुरक्षा के लिहाज से बेहद गंभीर है। पोखर बस्ती एक घनी आबादी वाला क्षेत्र है जहाँ हजारों की संख्या में लोग रहते हैं। रिहायशी मकान की छत और कमरों में इतनी भारी मात्रा में गैस का भंडारण किसी बड़े धमाके को दावत दे रहा था। प्रशासन की मानें तो एक छोटी सी चूक या चिंगारी पूरे इलाके को श्मशान में तब्दील कर सकती थी। 

सुरक्षा के कड़े इंतजाम: मौके पर बुलाई गई फायर ब्रिगेड

मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एसडीओ ने छापेमारी के दौरान ही फायर ब्रिगेड की टीम को मौके पर मुस्तैद रहने का निर्देश दिया था। पुलिस बल की मौजूदगी में बेहद सावधानी के साथ इन सिलिंडरों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया। इस टीम में फारबिसगंज के अपर थानाध्यक्ष सत्येंद्र कुमार गुप्ता, इंस्पेक्टर महादेव कामत, सिमराहा थानाध्यक्ष प्रेम कुमार भारती और एमओ सुनीता कुमारी सहित भारी पुलिस बल शामिल रहा। 

दोषियों पर होगी कड़ी कानूनी कार्रवाई: एसडीओ

एसडीओ अभय कुमार ने इस घटना को अत्यंत गंभीर बताते हुए कहा कि सभी जब्त सिलिंडरों को फारबिसगंज थाना भेज दिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस अवैध कारोबार के पीछे छिपे सिंडिकेट की पहचान की जा रही है। संलिप्त लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी ताकि भविष्य में कोई भी मासूमों की जान के साथ इस तरह का खिलवाड़ करने की हिम्मत न कर सके।