Bihar Airport: बिहार में एविएशन क्रांति का ऐलान, सोनपुर में बनेगा पूर्वी भारत का सबसे बड़ा सिविलियन एयरपोर्ट

Bihar Airport: बिहार की सियासत में विकास का नया परचम लहराने की तैयारी है। ...

सोनपुर में बनेगा पूर्वी भारत का सबसे बड़ा सिविलियन एयरपोर्ट- फोटो : social Media

Bihar Airport: बिहार की सियासत में विकास का नया परचम लहराने की तैयारी है। सारण जिले के सोनपुर में पूर्वी भारत का सबसे बड़ा सिविलियन एयरपोर्ट बनने जा रहा है। करीब 4228 एकड़ में प्रस्तावित यह ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट उत्तर प्रदेश के नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा (जेवर) और महाराष्ट्र के नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। इसे वर्ष 2030 तक मुकम्मल करने का लक्ष्य तय किया गया है।

प्रस्तावित एयरपोर्ट सोनपुर-छपरा फोरलेन NH-19 के उत्तर और गंडक नदी के पूर्व, दरियापुर चंवर क्षेत्र में बनेगा। केंद्रीय बजट में मंजूरी मिलने के बाद बिहार सरकार ने जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज कर दी है। 1302 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी जा चुकी है और कैबिनेट की अगली बैठक में बड़े एलान की संभावना है। सियासी हलकों में इसे ‘बिहार की उड़ान’ का मास्टरस्ट्रोक बताया जा रहा है।

इस एयरपोर्ट की सबसे बड़ी खासियत इसके दो 4200 मीटर लंबे रनवे होंगे, जहां दुनिया के विशालतम यात्री विमानों में शामिल एयरबस A380 भी उतर सकेगा। अंतरराष्ट्रीय मानकों के मुताबिक तैयार होने वाला यह देश का पांचवां सबसे बड़ा एयरपोर्ट होगा। ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट की सूची में यह 24वां स्थान पाएगा।

फिलहाल बिहार में पटना, गया, दरभंगा और पूर्णिया एयरपोर्ट संचालित हैं। मगर पटना एयरपोर्ट का रनवे मात्र 2050 मीटर है और विस्तार की गुंजाइश नहीं। एक ओर पटना जू, दूसरी ओर घनी आबादी बाधा है। बिहटा एयरपोर्ट भी सीमित क्षमता वाला है। ऐसे में सोनपुर परियोजना को रणनीतिक समाधान के रूप में देखा जा रहा है।

पटना और सोनपुर के बीच गंगा पर 12 लेन पुल, जेपी पुल के समानांतर 6 लेन ब्रिज और शेरपुर-दिघवारा पुल का निर्माण कनेक्टिविटी को नई रफ्तार देगा। सोनपुर-बेतिया फोरलेन को भी मंजूरी मिल चुकी है। यह प्रोजेक्ट सिर्फ इंफ्रास्ट्रक्चर नहीं, बल्कि उत्तर बिहार की तकदीर बदलने का दावा है। अब देखना होगा कि यह ‘एविएशन ड्रीम’ जमीनी हकीकत में कब तक परवान चढ़ता है।