Vishwakarma Puja: विश्वकर्मा पूजा आज, सृष्टिकर्ता देवशिल्पी भगवान विश्वकर्मा की अर्चना से व्यापार में होगी अपार वृद्धि, इस समय बनेगा दुर्लभ योगों का महासंयोग

Vishwakarma Puja: सृष्टि के आदिकाल से ही वास्तुकला, निर्माण और सृजन के अधिष्ठाता भगवान विश्वकर्मा को ब्रह्मांड का प्रथम इंजीनियर और देवशिल्पी माना जाता है।...

शिल्प, वास्तुकला और समृद्धि का पर्व विश्वकर्मा पूजा- फोटो : social Media

Vishwakarma Puja: सृष्टि के आदिकाल से ही वास्तुकला, निर्माण और सृजन के अधिष्ठाता भगवान विश्वकर्मा को ब्रह्मांड का प्रथम इंजीनियर और देवशिल्पी माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान विश्वकर्मा ब्रह्मा जी के मानस पुत्र तथा सातवें धर्मपुत्र हैं। ऋग्वेद के दसवें अध्याय के एक सौ इक्कीसवें सूक्त में इस बात का स्पष्ट उल्लेख मिलता है कि संपूर्ण धरा, आकाश और रसातल की रचना उन्हीं के द्वारा की गई है। उन्होंने देवताओं के लिए स्वर्ग लोक, सोने की लंका, द्वारका नगरी, इंद्रप्रस्थ और पांडवों की सभा जैसे भव्य भवनों और महलों का निर्माण किया था। इसके अलावा देवताओं के अस्त्र-शस्त्र भी उन्हीं की दिव्य कला के प्रतीक हैं।

हर वर्ष जब सूर्य देव अपनी राशि परिवर्तन कर मित्र ग्रह बुध की राशि कन्या में प्रवेश करते हैं, तब कन्या संक्रांति का पावन पर्व मनाया जाता है। इस बार भाद्रपद शुक्ल षष्ठी तिथि पर विशेष और अत्यंत फलदायी संयोग का निर्माण हो रहा है। ज्योतिषीय गणना के अनुसार, इस दिन अनुराधा नक्षत्र के उपरांत ज्येष्ठा नक्षत्र तथा रात के समय सर्वार्थ सिद्धि योग और रवि योग जैसे अत्यंत दुर्लभ व पुण्यकारी योग विद्यमान रहेंगे। इन पवित्र योगों में जगत के वास्तुकार की आराधना करने से साधक को अतुलनीय फल की प्राप्ति होती है।

कल-कारखानों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों में विशेष अनुष्ठान होता है। इस पावन अवसर पर देश भर के कारखाने, मिल, मोटर गैराज, हार्डवेयर प्रतिष्ठान और निर्माण इकाइयां पूरी तरह से सजती हैं।लोहे, मशीनरी, और सभी प्रकार के औजारों को स्वच्छ कर उनकी विधि-विधान से पूजा की जाती है ताकि वर्ष भर निर्बाध उत्पादन और प्रगति बनी रहे।

मान्यता है कि इस दिन सच्चे मन से विश्वकर्मा भगवान की पूजा करने से रोजी-रोजगार, नौकरी-पेशा और व्यापार में तीव्र गति से वृद्धि होती है।

सृजन के देवता की कृपा से घर-परिवार में सुख-समृद्धि का वास होता है और मां लक्ष्मी का स्थाई आशीर्वाद प्राप्त होता है।