सम्राट सरकार ने बदला फैसला! बिहार के सरकारी स्कूलों में शनिवार को हाफ डे पर बड़ा फैसला, स्कूल टाइमिंग पर बड़ा बदलाव

मानसून सत्र के दौरान विपक्ष और सत्ता पक्ष के कई विधायकों ने शनिवार को पूरे दिन स्कूल चलाने की व्यवस्था पर सवाल उठाए थे। सदन में इस मुद्दे पर चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आश्वासन दिया था कि सरकार इस व्यवस्था की समीक्षा करेगी

Bihar Restores Half-Day Classes in Saturday- फोटो : news4nation

Bihar Education News :  बिहार के सरकारी स्कूलों में शनिवार को पूर्णकालिक पढ़ाई की व्यवस्था खत्म कर दी गई है। शिक्षा विभाग ने नया आदेश जारी करते हुए राज्य के सभी सरकारी विद्यालयों में शनिवार को फिर से हाफ डे (अर्धदिवसीय) व्यवस्था लागू कर दी है। यह आदेश 6 अगस्त 2026 यानी गुरुवार को जारी किया गया। शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने भी इसकी घोषणा करते हुए कहा कि अब सरकारी स्कूलों में शनिवार को पहले की तरह आधे दिन ही कक्षाएं संचालित होंगी। यह फैसला हाल ही में बिहार विधानसभा के मानसून सत्र में उठे मुद्दे के बाद लिया गया है।


विधानसभा में उठा था मुद्दा

मानसून सत्र के दौरान विपक्ष और सत्ता पक्ष के कई विधायकों ने शनिवार को पूरे दिन स्कूल चलाने की व्यवस्था पर सवाल उठाए थे। सदन में इस मुद्दे पर चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आश्वासन दिया था कि सरकार इस व्यवस्था की समीक्षा करेगी और छात्रों, शिक्षकों तथा अभिभावकों के हित में उचित निर्णय लिया जाएगा। मुख्यमंत्री के इसी आश्वासन के बाद शिक्षा विभाग ने पुरानी व्यवस्था बहाल कर दी है।


क्या कहा गया है आदेश में?

माध्यमिक शिक्षा निदेशालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार, 12 दिसंबर 2025 को जारी समय-सारिणी में आंशिक संशोधन किया गया है। सोमवार से शुक्रवार तक सभी सरकारी विद्यालय पहले की तरह सुबह 9:30 बजे से शाम 4:00 बजे तक संचालित होंगे। शनिवार को सभी स्कूल हाफ डे रहेंगे। प्राथमिक और मध्य विद्यालयों के लिए व्यवस्था


आदेश के अनुसार, कक्षा 1 से 8 तक के विद्यालयों में शनिवार को पूर्व निर्धारित गतिविधियां सुबह 9:30 बजे से संचालित होंगी। दोपहर 12 बजे तक कक्षाएं और अन्य शैक्षणिक गतिविधियां चलेंगी। इसके बाद मध्याह्न भोजन कराया जाएगा और 12:40 बजे छात्रों की छुट्टी कर दी जाएगी।


माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में क्या होगा?

माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालयों में शनिवार को दोपहर 1:00 बजे तक शिक्षण कार्य और निर्धारित गतिविधियां संचालित की जाएंगी। इसके बाद छात्रों की छुट्टी कर दी जाएगी। हालांकि, छात्रों की छुट्टी के बाद शिक्षक विद्यालय में रुककर अगले सप्ताह की पाठ योजना तैयार करने, मूल्यांकन कार्य, शिक्षक डायरी अद्यतन करने, गृहकार्य की जांच, प्रयोगशाला प्रबंधन तथा रिमेडियल क्लास जैसे कार्यों का निष्पादन करेंगे।


पहले क्या हुआ था?

दिसंबर 2025 में शिक्षा विभाग ने नई समय-सारिणी लागू करते हुए सोमवार से शनिवार तक सभी सरकारी विद्यालयों को पूरे दिन संचालित करने का निर्णय लिया था। इस व्यवस्था के बाद शिक्षकों, अभिभावकों और विभिन्न शिक्षक संगठनों की ओर से लगातार आपत्तियां उठाई जा रही थीं। उनका कहना था कि शनिवार को पूर्णकालिक विद्यालय संचालन से छात्रों और शिक्षकों दोनों पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है।