अयोध्या में 53वां श्री विद्या कोटि कुमकुमार्चन महायज्ञ शुरू, स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी बोले— 'रामराज्य का सपना साकार हो रहा'

Uttar-Pradesh : प्रभु श्रीराम की पावन नगरी अयोध्या में छोटी छावनी के समीप स्थित दर्शन भवन में देश की प्रगति, विश्व शांति और गरीब कल्याण के संकल्प के साथ 53वां 'श्री विद्या कोटि कुमकुमार्चन महायज्ञ' अत्यंत श्रद्धा और उल्लास के साथ शुरू हुआ. देश के वरिष्ठ संत स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी के सान्निध्य और संरक्षण में आयोजित इस महायज्ञ में हजारों की संख्या में सुहासिनी माताओं और श्रद्धालुओं ने भाग लिया. वैदिक मंत्रोच्चार, हवन और कुमारी पूजन के साथ पूरा परिसर भक्तिमय हो गया. मान्यता है कि इस महायज्ञ के अनुष्ठान से देश में सुख-समृद्धि और शांति की वृद्धि होती है.


देश भर के वरिष्ठ संतों का जुटा समागम, समाज के कल्याण की कामना की

इस महान धार्मिक अनुष्ठान में देश भर से आए कई प्रतिष्ठित और वरिष्ठ संतों की गरिमामयी उपस्थिति रही. महायज्ञ में मुख्य रूप से संत कमल नयन दास जी महाराज, संत राघव आचार्य जी महाराज और संत स्वामी सर्वेश्वरानंद सरस्वती जी सहित कई आध्यात्मिक विभूतियां शामिल हुईं. यज्ञ की पूर्णाहुति के अवसर पर सभी पूज्य संतों ने सामूहिक रूप से देश की अखंडता, सामाजिक समरसता और मानव कल्याण की कामना करते हुए समाज को नई दिशा देने का संकल्प लिया.


वैश्विक स्तर पर बढ़ी भारत की प्रतिष्ठा, पीएम मोदी के नेतृत्व में सनातन मूल्यों का विकास

महायज्ञ को संबोधित करते हुए वरिष्ठ संत स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी ने कहा, “माता ललिता से प्रार्थना है कि हमारा भारत और तीव्र गति से आगे बढ़े.” उन्होंने देश की बदलती तस्वीर पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वर्ष 2014 के बाद से भारत की प्रतिष्ठा वैश्विक स्तर पर काफी मजबूत हुई है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व में आज पूरा देश अपने गौरवशाली सनातन मूल्यों को साथ लेकर विकास और आधुनिकता के पथ पर लगातार अग्रसर है.


गौ, गंगा और गीता की रक्षा के लिए सरकार गंभीर, कांग्रेस पर साधा निशाना

स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी ने गौ-संरक्षण पर बल देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त किया और कहा कि आज देश में गौ माता की प्रतिष्ठा पुनः स्थापित हुई है तथा सरकार गौ, गंगा और गीता की रक्षा के लिए पूरी गंभीरता से काम कर रही है. इसी दौरान उन्होंने विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी की सरकार ने 7 नवंबर 1966 को स्वामी करपात्री जी महाराज और निहत्थे गौ रक्षकों पर गोलियां चलवाई थीं. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और विपक्ष का इतिहास हमेशा से सनातन और गौ विरोधी रहा है.


अयोध्या से साकार हो रहा रामराज्य, संस्कृति को जीवंत रख रहे ऐसे आयोजन

अपने संबोधन के अंतिम चरण में स्वामी जी ने कहा कि प्रभु श्रीराम की पावन नगरी अयोध्या से आज पूरे देश में रामराज्य का सपना साकार हो रहा है, जिसकी मुख्य पहचान गरीब कल्याण, सामाजिक समरसता और राष्ट्रभक्ति है. इस अवसर पर कार्यक्रम में उपस्थित युवा चेतना के राष्ट्रीय संयोजक रोहित कुमार सिंह ने भी श्रद्धालुओं का अभिनंदन किया. उन्होंने कहा कि ऐसे भव्य धार्मिक आयोजन ही हमारी समृद्ध भारतीय संस्कृति और विरासत को जीवंत रखते हैं.