Bihar Flying Snake: डॉक्टर के क्लीनिक से महाभारत के उड़ने वाले तक्षक नाग का सफल रेस्क्यू, वाल्मीकि टाइगर रिजर्व के जंगल में छोड़ा गया

Bihar Flying Snake: प. चंपारण के बगहा में डॉक्टर के क्लीनिक से तक्षक नाग (ऑरनेट फ्लाइंग स्नेक) का सफल रेस्क्यू किया गया। वन विभाग ने इसे सुरक्षित वाल्मीकि टाइगर रिजर्व के जंगल में छोड़ दिया।

Bihar Flying Snake
डॉक्टर के क्लीनिक से मिला उड़ने वाला सांफ- फोटो : news4nation

Bihar Flying Snake: प•चम्पारण के बगहा में VTR से सटे वाल्मिकीनगर के टंकी बाजार स्थित डॉक्टर लक्ष्मण प्रसाद कि नीजी क्लीनिक से एक विलुप्त तक्षक नाग का सफ़ल रेस्क्यू किया गया है । दरअसल  तक्षक सांप डॉक्टर के चेंबर में कुर्सी के नीचे छुपा हुआ था जो अचानक कर्मियों को नजर आ गया जिसके बाद मौके पर अफरा तफ़री मच गईं। बहरहाल सूचना के बाद VTR के वन कर्मियों द्वारा सांप का रेस्क्यू कर उसे सुरक्षित जंगल में छोड़ दिया गया । बताया जा रहा है कि वाल्मीकि टाइगर रिजर्व से सटे वाल्मिकीनगर में मिला ऑरनेट फ्लाइंग स्नेक अपनी खूबसूरती के लिए जाना जाता है । सबसे बड़ी बात यह है की महाभारत और भगवत गीता में भी इस तक्षक नाग का जिक्र मिलता है। कहा जाता है की ये वही तक्षक नाग है जिसने राजा परीक्षित को काटा था और फिर उनकी मौत हो गई थी । 

उड़ने वाले तक्षक नाग 

तक्षक नाग का नाम सुनते ही सबसे पहले मन में राजा परिक्षित की कहानी आती है और दिमाग में यह बात कौंध जाती है क्योंकि आज भी उड़ने वाले तक्षक नाग हीं होते हैं? हालांकि तक्षक नाग आज के समय में मुश्किल से ही देखने को मिलता है। यह सांप उड़ने की बजाय कूदने की भी क्षमता रखते हैं. ये सांप अपने शरीर को फैलाकर एक जगह से दूसरी जगह S आकार बनाकर कूद सकते हैं. खास बात यह है की इनके कूदने का तरीका बहुत ही अद्भुत होता है, लेकिन असल में वे उड़ते नहीं हैं. ये सांप खासतौर पर दक्षिण-पूर्व एशिया में पाए जाते हैं जो इन दिनों बिहार के इकलौते वाल्मीकि टाइगर रिज़र्व में स्पॉट किये गए हैं जो वन विभाग के लिए सुखद अनुभव के साथ साथ गौरव का क्षण है।

बेतिया से आशिष कुमार की रिपोर्ट