Bihar News : गया में युवा पत्रकार की 'रहस्यमयी' मौत पर परिजनों का फूटा गुस्सा, पत्नी पर जहर देकर हत्या करने का आरोप
Bihar News : गया में युवा पत्रकार की संदिग्ध मौत हो गयी. जिसके बाद परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा. उन्होंने पत्नी पर हत्या करने का आरोप लगाया है.......पढ़िए आगे
GAYAJI : जिले के कोठी थाना अंतर्गत सोहेल पंचायत के पोखरी गांव में युवा पत्रकार राहत अली खान की संदिग्ध मौत का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस द्वारा सभी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने और मामले की गुत्थी अनसुलझी रहने से मृतक के पिता सादिकउल्लाह और उनका पूरा परिवार गहरे सदमे में है। परिजनों ने सीधे तौर पर राहत की पत्नी और ससुराल पक्ष पर साजिश रचकर हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है।
मृतक के पिता का आरोप है कि उनके बेटे की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उसकी पत्नी आरजू तमन्ना ने चाय में जहर देकर की है। परिजनों का कहना है कि आरजू की मां रोशन आरा, पिता नुरुलहोद और भाई आमिर व जावेद अक्सर राहत को जान से मारने की धमकी दिया करते थे। उनका दावा है कि इन सभी ने मिलकर एक सुनियोजित साजिश के तहत इस घटना को अंजाम दिया है। परिजनों के अनुसार, राहत की मौत के बाद से पूरा घर न्याय की आस में भटक रहा है, लेकिन प्रशासन की ढुलमुल कार्रवाई ने उनकी चिंता बढ़ा दी है।
इस मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। परिजनों का कहना है कि नामजद प्राथमिकी दर्ज होने के बावजूद अब तक केवल एक आरोपी की गिरफ्तारी हुई है, वह भी तब जब उसने खुद पुलिस के सामने समर्पण किया। आरोप है कि यह आत्मसमर्पण भी किसी बड़ी साजिश का हिस्सा हो सकता है ताकि मुख्य दोषियों को बचाया जा सके। कांड के कई दिन बीत जाने के बाद भी शेष आरोपियों की गिरफ्तारी न होना पुलिसिया अनुसंधान पर प्रश्नचिह्न खड़ा कर रहा है।
राहत अली खान की मौत को लेकर चौंकाने वाला खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी हुआ है। परिजनों के मुताबिक, रिपोर्ट में जहर दिए जाने की बात स्पष्ट रूप से सामने आई है। इसके बावजूद पुलिस अब तक मामले का पर्दाफाश करने और ठोस कार्रवाई करने में विफल रही है। मृतक के पिता का कहना है कि साक्ष्यों के मौजूद होने के बाद भी अनुसंधान पूरा नहीं किया जा रहा है, जिससे दोषियों के हौसले बुलंद हैं और पीड़ित परिवार न्याय के लिए दर-दर की ठोकरें खा रहा है।
फिलहाल, पीड़ित परिवार ने जिला प्रशासन और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई है। उन्होंने मांग की है कि फरार चल रहे सभी आरोपियों को अविलंब गिरफ्तार किया जाए और मामले की निष्पक्ष जांच कर सच सामने लाया जाए। युवा पत्रकार की इस तरह हुई मौत से स्थानीय लोगों और पत्रकार संगठनों में भी आक्रोश व्याप्त है, जो जल्द से जल्द कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
मनोज की रिपोर्ट