सीएम सम्राट का सभी डीएम को आदेश, 31 मार्च की डेडलाइन तय, सहयोग शिविर में किया 101 मामलों का निष्पादन

सभी जिलाधिकारी सेवा संकल्प एवं कायाकल्प अभियान के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में सरकारी भवन, अस्पताल, विद्यालय भवन, आंगबाड़ी केन्द्र, स्वास्थ्य संस्थान, छूटे हुये टोलों के सड़क आदि की मरम्मती, रख-रखाव, साफ-सफाई का कार्य 31 मार्च तक करें

Samrat Choudhary in sahyog shivir
Samrat Choudhary in sahyog shivir- फोटो : news4nation

Bihar News :  मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मंगलवार को मुख्यमंत्री सचिवालय में 'राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम' में शामिल हुये। आज आयोजित राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम में कुल 101 आवेदक उपस्थित हुए, जिनके मामलों का निष्पादन किया गया। बैठक के दौरान राज्य भर से आये हुये आवदेकों ने राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के समक्ष अपनी-अपनी समस्यायें रखीं। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, शिक्षा विभाग, गृह विभाग, ग्रामीण कार्य विभाग, स्वास्थ्य विभाग, समाज कल्याण विभाग, नगर विकास एवं आवास विभाग, ऊर्जा विभाग सहित अन्य विभागों से जुड़े मामले को लेकर मुख्यमंत्री ने संबद्ध जिला के जिलाधिकारी एवं विभाग को निर्देश दिया कि समय सीमा के अंदर आवेदकों की समस्याओं का समाधान करें।


मुख्यमंत्री के निर्देश पर संबद्ध विभाग एवं जिलाधिकारी ने आवेदक की समस्या का ससमय समाधान का आश्वासन दिया। जिन आवेदकों की समस्याओं का समाधान हो गया उन्होंने राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम की सराहना की और कहा कि कई दिनों से चली आ रही समस्याओं का समाधान सहयोग कार्यक्रम के माध्यम से शीघ्र हो गया, इससे आम लोगों को काफी सहूलियत हो रही है, इसके लिये मुख्यमंत्री जी के प्रति अपना आभार व्यक्त करते हैं। कुछ आवेदक जब मुख्यमंत्री के समक्ष अपनी बात रख रहे थे, उस दौरान मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिलाधिकारी एवं संबद्ध विभाग द्वारा समस्याओं के समाधान के आश्वासन के बाद वे लोग संतुष्ट दिखे।


डीएम को डेड लाइन 

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी जिलाधिकारी सेवा संकल्प एवं कायाकल्प अभियान के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में सरकारी भवन, अस्पताल, विद्यालय भवन, आंगबाड़ी केन्द्र, स्वास्थ्य संस्थान, छूटे हुये टोलों के सड़क आदि की मरम्मती, रख-रखाव, साफ-सफाई का कार्य 31 मार्च 2027 के पहले पूर्ण करायें। विद्यालयों में रंग-रोगन, चहारदीवारी, मरम्मती कार्य, शौचालय, पेयजल एवं बिजली जैसी मूलभूत सुविधाओं को प्राथमिकता दें। आवश्यकतानुसार अतिरिक्त वर्ग-कक्षाओं एवं भवनविहीन विद्यालयों में भवन निर्माण तथा आंगनबाड़ी केंद्रों के निर्माण में तेजी से करायें।


मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि संबद्ध विभाग शिकायतों का समयबद्ध समाधान करते रहें ताकि आमजनों को त्वरित राहत मिल सके। सहयोग कार्यक्रम के माध्यम से शिकायतों का समाधान ससमय होने से आम लोगों को राहत मिल रही है, उनका विश्वास बढ़ा है, उसे बनाये रखना है। सभी अधिकारी और कर्मी आवेदन के निष्पादन में अपना पूर्ण सहयोग दें। संवेदनशीलता और तत्परता के साथ सभी की समस्याओं का समाधान करना और उन्हें न्याय दिलाना हमारा दायित्व है।


मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य प्रत्येक नागरिक की शिकायतों का पारदर्शी, निष्पक्ष एवं समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करना है। सहयोग शिविर के माध्यम से लोगों की समस्याओं का निष्पादन कर जनता को संतुष्ट करना है।


कार्यक्रम में संबद्ध विभागों के मंत्रीगण, मुख्य सचिव  प्रत्यय अमृत, पुलिस महानिदेशक प्रीता वर्मा, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव संजय कुमार सिंह सहित संबद्ध विभागों के अपर मुख्य सचिव/प्रधान सचिव/सचिव एवं आवेदक उपस्थित थे, जबकि वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के जिलाधिकारी, वरीय पुलिस अधीक्षक/पुलिस अधीक्षक तथा वरीय अधिकारी जुड़े हुये थे।