Bihar Weather: बिहार में बारिश का तांडव, 11 जिलों में आंधी-तूफान का अलर्ट, पटना के लोगों को उमस से नहीं मिलेगी राहत
Bihar Weather: बिहार में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है।...
Bihar Weather: बिहार में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। बिहार मौसम सेवा केंद्र के मुताबिक, उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और उससे सटे पश्चिम बंगाल-उत्तर ओडिशा तट के पास एक अच्छी तरह से चिह्नित कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इस मौसम प्रणाली का सीधा असर पूर्वी भारत के मौसम पर पड़ रहा है और बिहार में भी बारिश की गतिविधियां तेज होने लगी हैं। कई इलाकों में झमाझम बारिश के आसार हैं, वहीं कुछ जिलों में आंधी और आकाशीय बिजली को लेकर भी सतर्क रहने की हिदायत दी गई है।
कम दबाव वाले सिस्टम के प्रभाव से बिहार की तरफ नमी वाली हवाओं का प्रवाह लगातार बना हुआ है। यही वजह है कि राज्य के अलग-अलग हिस्सों में मौसम का मिजाज एक जैसा नहीं है। कहीं बादल घिर रहे हैं और तेज बारिश हो रही है, तो कहीं बारिश थमते ही धूप निकल रही है और वातावरण में उमस बेहिसाब बढ़ जा रही है। यानी आसमान का मिजाज पल-पल बदल रहा है।
मौसम सेवा केंद्र ने कई जिलों के लिए भारी बारिश और आंधी का अलर्ट जारी किया है। गया, भोजपुर, सिवान, जहानाबाद, गोपालगंज, पटना, बक्सर, वैशाली, समस्तीपुर, दरभंगा, मधुबनी, किशनगंज, पूर्णिया, अररिया, भागलपुर, मुंगेर, लखीसराय, बेगूसराय और खगड़िया में भारी बारिश के साथ तेज हवा चलने की चेतावनी दी गई है। इस दौरान 55 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। आकाशीय बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।
बिहार में 31 अगस्त को अधिकतम तापमान करीब 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। तापमान बहुत ज्यादा नहीं होने के बावजूद हवा में नमी के कारण उमस परेशान कर सकती है। बारिश होने की स्थिति में लोगों को गर्मी से फौरी राहत मिलेगी, लेकिन बारिश के बीच धूप निकलने पर उमस और चिपचिपाहट बढ़ने के आसार हैं।
मौसम का यह बदला हुआ मिजाज सितंबर की शुरुआत में भी जारी रहने की संभावना है। बिहार मौसम सेवा केंद्र के अनुसार, 1 और 2 सितंबर को राज्य के कई जिलों में बारिश हो सकती है। राजधानी पटना में भी अगले कुछ दिनों में मौसम में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। दिन के वक्त बादल और धूप की आंख-मिचौली जारी रहने के साथ उमस का असर बना रह सकता है।
मौसम के इस सिस्टम ने किसानों और आम लोगों दोनों के लिए सतर्कता बढ़ा दी है। खासकर आकाशीय बिजली और तेज हवाओं के दौरान खुले मैदान, पेड़ या बिजली के खंभों के नीचे खड़े होने से बचना जरूरी है। आने वाले दिनों में बारिश का दौर बिहार के अलग-अलग हिस्सों में राहत के साथ-साथ मुश्किलें भी पैदा कर सकता है।