सुपौल में पंचायत सेवा संघ का सांकेतिक विरोध: काली पट्टी बांधकर कर रहे कार्य, विभिन्न मांगों के समाधान के लिए सरकार से वार्ता की अपील

सुपौल में पंचायत सेवा संघ का सांकेतिक विरोध: काली पट्टी बांध
सुपौल में पंचायत सेवा संघ का सांकेतिक विरोध- फोटो : विनय कुमार मिश्रा

Supaul : बिहार पंचायत सेवा संघ की सुपौल जिला इकाई ने अपनी विभिन्न मांगों के समर्थन में सांकेतिक विरोध दर्ज कराया है। संघ के सदस्य 14 सितंबर 2026 से कार्यालय अवधि के दौरान काली पट्टी बांधकर कार्य कर रहे हैं, हालांकि इस दौरान कार्यालय का नियमित कामकाज पूर्ववत संचालित हो रहा है।


पंचायत राज विभाग के सचिव के नाम सौंपा गया ज्ञापन

संघ ने पंचायत राज विभाग के सचिव के नाम एक मांग पत्र जिला पंचायत राज पदाधिकारी को सौंपा है। एडीपीआरओ कालीचरण ने जानकारी दी कि प्रशासनिक और कार्यात्मक स्वतंत्रता न मिलने तथा अन्य समस्याओं के कारण संवर्ग के सदस्यों में असंतोष व्याप्त है।


प्रमुख मांगें: वित्तीय-प्रशासनिक शक्तियां और गैर-विभागीय हस्तक्षेप की समाप्ति

संघ की मुख्य मांगों में प्रखंड स्तरीय विभागीय पदाधिकारियों को राजपत्रित घोषित करते हुए आवश्यक वित्तीय एवं प्रशासनिक शक्तियां देना, प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी को पंचायत समिति का कार्यपालक पदाधिकारी नामित करना शामिल है। इसके अलावा वेतन व सेवा संबंधी विसंगतियों को दूर करने, लंबित प्रोन्नति मामलों के निष्पादन और विभागीय कार्यों में गैर-विभागीय हस्तक्षेप को समाप्त करने की मांग की गई है।


मांगें पूरी न होने पर सामूहिक अवकाश पर जाने की चेतावनी

संघ ने सरकार और विभाग को चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं की गई, तो वे सामूहिक अवकाश पर जाने सहित अन्य तीव्र आंदोलनात्मक कदमों पर विचार करेंगे। साथ ही संघ ने एक प्रतिनिधिमंडल के साथ शीघ्र उच्चस्तरीय वार्ता आयोजित करने की अपील की है। 


विनय कुमार मिश्रा की रिपोर्ट