पिस्टल और कारतूस के साथ दो बदमाश गिरफ्तार, एक आरोपी का दिल्ली से जुड़ा आपराधिक इतिहास

पिस्टल और कारतूस के साथ दो बदमाश गिरफ्तार, एक आरोपी का दिल्ल
हथियार के साथ दो बदमाश गिरफ्तार- फोटो : विनय कुमार मिश्रा

Supaul : जिले में अवैध हथियारों के सौदागरों और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान में पुलिस को एक और बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। सदर थाना परिसर में शुक्रवार को सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (डीएसपी) राजीव रंजन ने इस बड़ी कार्रवाई का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए दो युवकों को एक देसी पिस्टल, मैगजीन, दो जिंदा कारतूस और दो मोबाइल फोन के साथ रंगे हाथ दबोच लिया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ शस्त्र अधिनियम (आर्म्स एक्ट) के तहत संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।


खरैल कर्णपुर चौक के समीप घेराबंदी कर दबोचे गए संदिग्ध

डीएसपी राजीव रंजन ने घटनाक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि यह कार्रवाई 16 जुलाई 2026 की रात को अंजाम दी गई। पुलिस को तकरीबन 8:50 बजे गुप्त सूचना मिली थी कि सदर थाना क्षेत्र के खरैल कर्णपुर चौक (वार्ड संख्या-10) के पास दो संदिग्ध युवक अवैध हथियारों के साथ किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में खड़े हैं। सूचना की संवेदनशीलता को देखते हुए सदर थाना पुलिस की एक विशेष टीम ने बिना वक्त गंवाए मौके पर पहुंचकर इलाके की घेराबंदी की। पुलिस की इस त्वरित और योजनाबद्ध छापेमारी में दोनों संदिग्धों को भागने का मौका नहीं मिला और वे दबोच लिए गए।


गिरफ्तार आरोपियों में एक का दिल्ली पुलिस के साथ पुराना रिकॉर्ड

गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान सुपौल जिले के ही कर्णपुर (वार्ड संख्या-04) निवासी रामेश्वर चौधरी के 30 वर्षीय पुत्र सुनील कुमार और खरैल कर्णपुर (वार्ड संख्या-10) निवासी मनोज कुमार सहनी के 21 वर्षीय पुत्र आस्तिक कुमार के रूप में हुई है। पुलिस जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि गिरफ्तार आरोपी सुनील कुमार का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ देश की राजधानी नई दिल्ली के हौजखास थाने में पूर्व से ही कांड संख्या-499/2023 दर्ज है। इस खुलासे के बाद पुलिस उसके अंतरराज्यीय आपराधिक संबंधों की गहराई से तफ्तीश कर रही है।


पिस्टल, मैगजीन और कारतूस बरामद, आर्म्स एक्ट में दर्ज हुई FIR

घेराबंदी के बाद जब पुलिस टीम ने दोनों आरोपियों की मौके पर गहन जामा तलाशी ली, तो उनके पास से एक देसी पिस्टल, एक मैगजीन, दो जिंदा कारतूस और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए। बरामदगी के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए सुपौल थाना में कांड संख्या-464/2026 दर्ज किया गया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट की धारा 25(1-बी)ए एवं 26 के तहत गंभीर मामला पंजीकृत कर पुलिस ने आगे की कानूनी प्रक्रिया और गहन अनुसंधान शुरू कर दिया है।


हथियार के स्रोत और संगठित नेटवर्क की तलाश में जुटी पुलिस

डीएसपी ने साफ किया कि पुलिस की टीमें दोनों आरोपियों से रिमांड और गहन पूछताछ के जरिए यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि यह अवैध हथियार उनके पास कहां से आया था, इसका मुख्य सप्लायर कौन है, और वे इसका उपयोग किस आपराधिक वारदात को अंजाम देने के लिए करने वाले थे। पुलिस इस बिंदु पर भी नजर रख रही है कि कहीं इन दोनों के तार किसी बड़े और संगठित आपराधिक गिरोह से तो नहीं जुड़े हैं। उन्होंने दोहराया कि जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए अपराधियों और अवैध हथियारों के खिलाफ यह सख्त अभियान लगातार जारी रहेगा।


विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट