Bihar Crime: सदर अस्पताल में गुंडों का तांडव, ऑफिसर पर जानलेवा हमला, गला दबाकर छीनी सोने की चेन

Bihar Crime:दबंगों ने एंबुलेंस कंट्रोल ऑफिसर के दफ्तर में घुसकर जानलेवा हमला कर दिया। दिनदहाड़े हुई इस वारदात से अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी और खौफ का माहौल बन गया।...

Gopalganj Goons Assault
ऑफिसर पर जानलेवा हमला- फोटो : reporter

Gopalganj:  जिला  के सदर अस्पताल गोपालगंज परिसर में उस वक्त सनसनी फैल गई जब कुछ दबंगों ने एंबुलेंस कंट्रोल ऑफिसर के दफ्तर में घुसकर जानलेवा हमला कर दिया। दिनदहाड़े हुई इस वारदात से अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी और खौफ का माहौल बन गया। आरोप है कि हमलावरों ने अधिकारी के साथ बेरहमी से मारपीट की, गला दबाकर जान लेने की कोशिश की और गले से सोने की चेन भी झपट ली।

मिली जानकारी के मुताबिक एंबुलेंस कंट्रोल ऑफिसर गुना कुमार अपने दफ्तर में मौजूद थे, तभी 102 एंबुलेंस का चालक अपने तीन साथियों के साथ अचानक ऑफिस में घुस आया। देखते ही देखते माहौल गरमा गया और आरोपियों ने अधिकारी पर हमला बोल दिया। पीड़ित के मुताबिक हमलावरों ने पहले धक्का-मुक्की की और फिर लात-घूसों से ताबड़तोड़ पिटाई शुरू कर दी।

बताया जा रहा है कि इस दौरान आरोपी कृष्णा यादव ने उनका गला दबा दिया, जिससे उनकी आवाज तक नहीं निकल पा रही थी। बाकी साथियों ने भी बारी-बारी से हमला किया और अधिकारी को जान से मारने की कोशिश करते रहे। किसी तरह गुना कुमार हमलावरों के चंगुल से छूटकर चिल्लाए, जिसके बाद अस्पताल के अन्य कर्मचारी मौके पर पहुंचे।

हालांकि तब तक हमलावर बेकाबू हो चुके थे। उन्होंने वहां मौजूद अन्य कर्मचारियों के साथ भी धक्का-मुक्की की और दफ्तर में जमकर हंगामा मचाया। पीड़ित अधिकारी का आरोप है कि मारपीट के दौरान बदमाशों ने उनके गले से करीब 40 हजार रुपये कीमत की सोने की चेन भी छीन ली। इतना ही नहीं, आरोपियों ने ऑफिस में रखे कई सरकारी कागजात और उपकरणों को भी नुकसान पहुंचाया।

हमलावर जाते-जाते धमकी भी दे गए कि अगर इस मामले की शिकायत की गई तो अंजाम बहुत बुरा होगा और कोई उनका कुछ नहीं बिगाड़ पाएगा। इस बेरहम मारपीट में गुना कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है।

घटना के बाद पीड़ित अधिकारी ने पुलिस को लिखित शिकायत देकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की तफ्तीश में जुट गई है। सदर अस्पताल जैसे संवेदनशील परिसर में दिनदहाड़े हुई इस वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था पर भी बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि पुलिस इन दबंगों पर कब तक शिकंजा कसती है।

रिपोर्ट- नमोनारायण मिश्रा