Bihar Crime: नशे के खिलाफ जनता का शिकंजा, लाठी-डंडे लेकर सड़कों पर उतरे महिला-पुरुष

Bihar Crime: शराबबंदी के बाद मादक पदार्थों की तस्करी और नशे के इस्तेमाल को लेकरपुलिस की कार्रवाई के साथ अब आम लोगों की सक्रियता भी दिखाई देने लगी है। ...

Muzaffarpur Villagers Take Stand Against Drug Abuse
नशे के खिलाफ जनता का शिकंजा- फोटो : reporter

Bihar Crime:  शराबबंदी के बाद मादक पदार्थों की तस्करी और नशे के इस्तेमाल को लेकर मुजफ्फरपुर में पुलिस की कार्रवाई के साथ अब आम लोगों की सक्रियता भी दिखाई देने लगी है। पुलिस कप्तान कांतेश कुमार मिश्रा के निर्देश पर जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में मादक पदार्थों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इसी मुहिम के बीच सरैया थाना क्षेत्र के रतनपुरडीही में स्थानीय लोग कथित नशाखोरों और नशा कारोबारियों के खिलाफ खुद सड़क पर उतर आए।

रतनपुरडीही के अलग-अलग वार्डों में महिला, पुरुष और बच्चे हाथों में लाठी-डंडे लेकर सड़कों पर नजर आए। स्थानीय लोगों का कहना है कि इलाके में नशे के कारण सामाजिक माहौल प्रभावित हो रहा है। इसी वजह से उन्होंने अपने स्तर पर नशे के खिलाफ आवाज बुलंद करने का फैसला लिया है। लोगों के सड़क पर उतरने की तस्वीरों और वीडियो की चर्चा इलाके में भी हो रही है।

दरअसल, मुजफ्फरपुर पुलिस इन दिनों मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ विशेष अभियान चला रही है। पुलिस कप्तान के निर्देश पर अलग-अलग थाना क्षेत्रों में संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी बढ़ाई गई है और नशे के कारोबार से जुड़े लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। पुलिस की कार्रवाई के बीच स्थानीय लोगों का सहयोग मिलने से अभियान को जमीनी स्तर पर भी समर्थन मिल रहा है।

रतनपुरडीही में लोगों के इस तरह लामबंद होने को इसी जागरूकता अभियान से जोड़कर देखा जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नशे के खिलाफ सिर्फ पुलिस कार्रवाई पर्याप्त नहीं है। गांव और मोहल्ले के लोगों को भी अपने स्तर पर जागरूक रहना होगा, ताकि नशे के कारोबार को सामाजिक स्तर पर चुनौती दी जा सके।

हालांकि, कानून अपने हाथ में लेकर किसी संदिग्ध व्यक्ति के खिलाफ हिंसक कार्रवाई करना उचित नहीं है। स्थानीय लोगों की भूमिका संदिग्ध गतिविधियों की सूचना पुलिस को देने और नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाने तक सीमित रहनी चाहिए। पुलिस भी लोगों से कानून व्यवस्था बनाए रखते हुए किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तत्काल सूचना देने की अपील कर सकती है।

रतनपुरडीही में महिला-पुरुषों और बच्चों के सड़क पर उतरने से साफ है कि नशे के मुद्दे पर स्थानीय स्तर पर बेचैनी बढ़ रही है। अब देखना होगा कि पुलिस इस जनसहयोग को किस तरह अपनी तफ्तीश और कार्रवाई का हिस्सा बनाती है और नशे के कथित कारोबारियों तक किस हद तक पहुंच पाती है।

रिपोर्ट- मणिभूषण शर्मा