Bihar Education News: बिहार शिक्षा विभाग में घूसखोरी का खुला खेल! बड़े साहब के खुलेआम लेन-देन के खुलासे से मचा हड़कंप, वायरल वीडियो ने उड़ाए अधिकारियों के होश
Bihar Education News:निगरानी विभाग की टीमें लगातार घूसखोर अफसरों पर शिकंजा कसती दिख रही हैं इसके बावजूद सरकारी महकमे में बैठा रिश्वत का रैकेट थमने का नाम नहीं ले रहा...
Bihar Education News:बिहार में सुशासन की सरकार और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को सुशासन बाबू कहा जाता है। निगरानी विभाग की टीमें लगातार घूसखोर अफसरों पर शिकंजा कसती दिख रही हैं कहीं रंगेहाथ गिरफ्तारी, कहीं छापेमारी, तो कहीं नोटों की गिनती। इसके बावजूद सरकारी महकमे में बैठा रिश्वत का रैकेट थमने का नाम नहीं ले रहा। ताजा मामला सोशल मीडिया पर इन दिनों आग की तरह फैल रहे एक वायरल वीडियो का है, जिसने सुशासन के दावों पर सवालों की बौछार कर दी है। हालांकि, इस वायरल वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि न्यूज4नेशन नहीं करता।
वायरल क्लिप में जो मंजर दिखता है, वह किसी खुलेआम सौदेबाज़ी से कम नहीं। शिक्षा विभाग के DDO साहब कुर्सी पर तख्तनशीं नजर आते हैं और सामने दर्जनों लोग कतार में खड़े हैं। हाथों में नकदी, निगाहें कुर्सी पर बैठे साहब की तरफ मानो नजराना पेश किया जा रहा हो। भीड़ के बीच नोट आगे बढ़ते दिखते हैं और माहौल ऐसा, जैसे यह कोई गुप्त सौदा नहीं बल्कि रोजमर्रा का खेल हो।
सूत्रों के मुताबिक, यह कथित वीडियो सरैया प्रखंड के मानिकपुर चौक स्थित एक सरकारी स्कूल से जुड़ा बताया जा रहा है। आरोप है कि DDO साहब अलग-अलग कामों के एवज में अलग-अलग लोगों से घूस की रकम वसूल रहे हैं। अगर यह दावा सही है, तो यह केवल एक अफसर की मनमानी नहीं, बल्कि पूरे सिस्टम में फैले भ्रष्टाचार के सिंडिकेट की ओर इशारा करता है।
सबसे बड़ा सवाल यही है कि जब निगरानी विभाग लगातार घूसखोरों पर कार्रवाई कर रहा है, तब इन अधिकारियों के भीतर इतनी हिम्मत कहां से आती है कि वे सरेआम रिश्वतखोरी का खेल खेलें? क्या इन्हें किसी ऊपरवाले का संरक्षण हासिल है, या फिर कार्रवाई का खौफ महज कागजों तक सीमित है?
अब निगाहें वरीय अधिकारियों पर टिकी हैं। क्या इस कथित वीडियो की जांच होगी? क्या सुशासन के नाम पर बैठे जिम्मेदार अफसर ऐसे दागदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई करेंगे, या फिर यह मामला भी फाइलों की धूल में दबा दिया जाएगा? जवाब वक्त देगा, लेकिन फिलहाल वायरल वीडियो ने बिहार के सुशासन पर एक बार फिर सवालिया निशान खड़ा कर दिया है।
रिपोर्ट- मणिभूषण शर्मा