कर्ज की बलि चढ़ा मासूम: बोकारो में आर्थिक तंगी से टूटे माता-पिता, बेटे की हत्या कर खुद भी फांसी पर झूले
तीन साल पहले हुई थी लव मैरिज, साल के आखिरी दिन उजड़ गया संसार: बोकारो में एक ही परिवार की तीन लाशें मिलीं
झारखंड के बोकारो जिले में साल 2025 का अंत एक बेहद दुखद घटना के साथ हुआ। हरला थाना क्षेत्र के सेक्टर-9 स्थित एक आउट हाउस से पुलिस ने एक ही परिवार के तीन सदस्यों के शव बरामद किए हैं। मृतकों में पति-पत्नी और उनका दो साल का मासूम बेटा शामिल है। इस सनसनीखेज वारदात के बाद पूरे इलाके में मातम और हड़कंप का माहौल है, क्योंकि किसी ने सोचा भी नहीं था कि एक हंसता-खेलता परिवार इस तरह खत्म हो जाएगा।
कर्ज के दलदल में फंसा था परिवार
मृतकों की पहचान बिहार के बांका निवासी कुंदन तिवारी, उनकी पत्नी रेखा और उनके दो वर्षीय पुत्र के रूप में हुई है। स्थानीय लोगों और शुरुआती जांच के अनुसार, कुंदन तिवारी पर लाखों रुपये का कर्ज था। आर्थिक तंगी और उधारी के बढ़ते बोझ के कारण परिवार मानसिक रूप से काफी टूट चुका था। आशंका जताई जा रही है कि इसी भारी कर्ज से छुटकारा पाने का कोई रास्ता न देख दंपति ने यह आत्मघाती कदम उठाया।
पहले मासूम की हत्या, फिर खुद लगाई फांसी
घटनाक्रम के अनुसार, अंदेशा है कि पति-पत्नी ने पहले अपने दो साल के मासूम बेटे की गला घोंटकर हत्या की। इसके बाद दोनों ने कमरे में फांसी लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। पुलिस ने बुधवार की शाम को कमरे का दरवाजा तोड़कर तीनों शवों को बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। तीन साल पहले प्रेम विवाह करने वाले इस जोड़े का अंत इतना खौफनाक होगा, इसकी कल्पना किसी ने नहीं की थी।
झारखंड में बढ़ती ऐसी घटनाओं से चिंता
बोकारो की इस घटना ने हाल ही में दुमका में हुई एक ऐसी ही वारदात की यादें ताजा कर दी हैं, जहाँ एक ही परिवार के चार लोगों के शव मिले थे। राज्य में लगातार सामने आ रहे ऐसे मामले गंभीर सामाजिक और आर्थिक संकट की ओर इशारा कर रहे हैं। फिलहाल हरला थाना पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है ताकि मौत के सटीक कारणों और उन परिस्थितियों का पता लगाया जा सके जिन्होंने इस परिवार को मौत के गले लगाने पर मजबूर किया।