'मौत की घाटी' बनी लातेहार की डेढ़टंगवा घाटी: अनियंत्रित ट्रक की चपेट में आने से महिला व बच्चे समेत 7 लोगों ने तोड़ा दम

झारखंड के लातेहार जिले से बेहद दर्दनाक खबर! चंदवा-चांपी-लोहरदगा पथ पर स्थित डेढ़टंगवा घाटी में शनिवार की दोपहर एक अनियंत्रित भारी कंटेनर ने बाइक और ऑटो को सीधी टक्कर मार दी। इस भीषण हादसे में महिला और बच्चे समेत 7 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई।

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लोहरदगा मार्ग पर बेकाबू कंटेनर का कहर, ऑटो के उड़े परखच्चे, मचा कोहराम- फोटो : news 4 nation

झारखण्ड के लातेहार जिले के चंदवा-चांपी-लोहरदगा पथ पर स्थित डेढ़टंगवा घाटी में शनिवार की दोपहर बाद एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा सामने आया है। लोहरदगा की दिशा से आ रहे एक तेज रफ्तार अनियंत्रित कंटेनर ने बाइक और यात्री ऑटो को जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण दुर्घटना में मौके पर ही 7 लोगों की मौत हो गई, जिनमें एक बच्चा, एक महिला और पांच पुरुष शामिल हैं। हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।


तीखे ढलान पर बेकाबू कंटेनर ने मचाया कोहराम

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसा घाटी के तीखे ढलान पर उस समय हुआ जब चंदवा की ओर से आ रही बाइक और ऑटो को लोहरदगा की ओर से आ रहे भारी कंटेनर ने अपनी चपेट में ले लिया। अनियंत्रित कंटेनर ने पहले बाइक सवारों को रौंदा और फिर सामने से आ रहे ऑटो में सीधी टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि ऑटो के परखच्चे उड़ गए। हादसे में बाइक सवार महिला और बच्चे की मौत हो गई, जबकि बाइक चला रहा युवक गंभीर रूप से घायल हो गया।


'मौत की घाटी' बनी डेढ़टंगवा, शिनाख्त में जुटा प्रशासन

स्थानीय लोगों के अनुसार, डेढ़टंगवा घाटी का तीखा ढलान आए दिन हादसों का कारण बन रहा है, जिससे यह क्षेत्र अब 'मौत की घाटी' के रूप में जाना जाने लगा है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन, पुलिस टीम और ग्रामीणों ने तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया। खबर लिखे जाने तक कंटेनर के नीचे दबे अन्य लोगों को बाहर निकालने का प्रयास जारी था और पुलिस मृतकों की पहचान करने में जुटी हुई थी।


घटनास्थल पर पहुंचे जनप्रतिनिधि व प्रशासनिक अधिकारी

हादसे की जानकारी मिलते ही राज्यसभा सांसद बैद्यनाथ राम, मंत्री राधाकृष्ण किशोर, बीडीओ चंदन प्रसाद, सीओ सुमित कुमार झा और पुलिस निरीक्षक मनोरंजन कुमार सिंह दल-बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। अधिकारियों की देखरेख में राहत कार्य को तेजी से चलाया गया और गंभीर रूप से घायलों को इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल भिजवाने की व्यवस्था की गई। प्रशासन दुर्घटना के कारणों की जांच में जुट गया है।