पंचायतों के 'खातों' पर लगी रोक हटाने को लेकर पहल कामयाब, राशि निकासी पर लगी रोक शर्त के साथ हटी

पंचायतों के 'खातों' पर लगी रोक हटाने को लेकर पहल कामयाब, राशि निकासी पर लगी रोक शर्त के साथ हटी

PATNA: बिहार में पंचायत चुनाव की डुगडुगी बज गई है. राज्य निर्वाचन आयोग ने 24 अगस्त को चुनाव की अधिसूचना भी जारी कर दिया है। अधिसूचना जारी होने के साथ ही पंचायती राज विभाग ने त्रिस्तरीय पंचायती राज संस्थाओं द्वारा संचालित सभी खातों के संचालन पर निर्वाचन प्रक्रिया पूर्ण होने तक रोक लगा दिया था। सिर्फ नल-जल योजना को पूर्ण करने की छूट दी गई थी। पंचायती राज विभाग के आदेश के बाद सवाल उठने लगे थे। सत्ताधारी दल के विधायकों-विधान पार्षदों-सांसदों ने इस पर सवाल खड़े किये थे। 2 दिन पहले एक प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री सम्राट चौधरी से मुलाकात की थी। उस मुलाकात ने रंग दिखा दिया है। सरकार ने शर्त के साथ चालू योजनाओं में राशि निकासी की छूट दी है। 

राशि निकासी पर लगी रोक शर्त के साथ हटी

पंचायती राज विभाग के अपर मुख्य सचिव अमृत लाल मीणा ने 24 अगस्त को जारी आदेश में संशोधन किया है. नए आदेश से क्रियान्वित योजनाओं में राशि की निकासी की जा सकती है। नए आदेश में कहा गया है कि जिन योजनाएं की स्वीकृति पहले मिल गई हो और जिन का क्रियान्वयन शुरू हो गया है उन पर रोक नहीं है. लेकिन नए सिरे से उक्त योजना की स्वीकृति एवं पूर्व से स्वीकृत परंतु जिस योजना पर कार्य प्रारंभ अब तक नहीं किया गया है उन योजनाओं का कार्य प्रारंभ करने पर रोक रहेगी। पंचायती राज विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी महत्वपूर्ण योजनाएं जिनका क्रियान्वयन शुरू हो गया है उनके कार्यों एवं राशि के भुगतान पर लगी रोक को शर्त के साथ हटाया जाता है. शर्त यह है कि कार्यों का क्रियान्वयन, अनुश्रवण एवं धन राशि भुगतान राज्य निर्वाचन आयोग के स्तर से निर्गत आदर्श आचार संहिता का पालन करते हुए सुनिश्चित करना होगा.

मंत्री सम्राट चौधरी से की थी मुलाकात 

शिवहर की भाजपा सांसद रमा देवी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने बंद खाते चालू कराने को लेकर पंचायती राज विभाग के मंत्री सम्राट चौधरी से मुलाकात की थी। प्रतिनिधिमंडल में सांसद रमा देवी के अलावे, पूर्व एमएलसी सच्चिदानंद राय,विधायक पवन जायसवाल समेत कई अन्य नेता थे। शिष्टमंडल ने पंचायती राज संस्थाओं के खाता संचालन पर रोक हटाने का आग्रह किया था। इस पर मंत्री सम्राट चौधरी ने समीक्षा करने का आश्वासन दिया था। इसके पहले भाजपा विधायक पवन जायसवाल ने सीएम नीतीश को इस संबंध में पत्र भी लिखा था। 

Find Us on Facebook

Trending News