Bihar News : नालंदा में डिग्री कॉलेज की मांग को लेकर उग्र आंदोलन, ग्रामीणों ने पुलिस पर किया पथराव, 3 जवान हुए जख्मी, 10 गिरफ्तार
NALANDA : जिले के नगरनौसा में डिग्री कॉलेज की स्थापना की मांग को लेकर चल रहा आंदोलन गुरुवार को हिंसक रूप ले बैठा। छात्रों और ग्रामीणों द्वारा किए जा रहे सड़क जाम के दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच टकराव हो गया। देखते ही देखते स्थिति इतनी बिगड़ गई कि पुलिस पर जमकर पथराव शुरू कर दिया गया। इस घटना में तीन पुलिसकर्मी घायल हो गए, जबकि कई सरकारी वाहनों को भी क्षति पहुंची है। हालात को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े। घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोगों के अनुसार, नगरनौसा में वर्षों से डिग्री कॉलेज की मांग उठती रही है। इसी मांग को लेकर गुरुवार को बड़ी संख्या में छात्र, अभिभावक और ग्रामीण सड़क पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों ने मुख्य सड़क को जाम कर सरकार और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। शुरुआत में आंदोलन शांतिपूर्ण था, लेकिन कुछ समय बाद माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया और प्रदर्शनकारी पुलिस से उलझ पड़े। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, विवाद बढ़ने के बाद कुछ लोगों ने पुलिस बल को निशाना बनाते हुए ईंट-पत्थर फेंकना शुरू कर दिया। पथराव से मौके पर अफरा-तफरी मच गई और पुलिसकर्मियों को खुद को बचाने के लिए पीछे हटना पड़ा। इस दौरान तीन पुलिस जवान घायल हो गए। वहीं उपद्रवियों ने कुछ सरकारी वाहनों को भी नुकसान पहुंचाया। कई वाहनों के शीशे टूट गए और सड़क पर भगदड़ जैसी स्थिति बन गई।
प्रशासन ने पहले से ही आंदोलन को देखते हुए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए थे। क्षेत्र में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात था और ड्रोन कैमरे से पूरे घटनाक्रम की निगरानी की जा रही थी। इसके बावजूद स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई। घटना की सूचना मिलते ही हिलसा की एएसपी कुमारी शैलजा और एसडीएम अमित कुमार पटेल मौके पर पहुंचे तथा पुलिस अधिकारियों के साथ स्थिति का जायजा लिया।
पुलिस द्वारा समझाने-बुझाने की कोशिश के बावजूद जब पथराव जारी रहा तो भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े गए। इसके बाद प्रदर्शनकारी धीरे-धीरे पीछे हटे और पुलिस ने पूरे इलाके को अपने नियंत्रण में लिया। हालांकि बाद में कुछ ग्रामीणों द्वारा फिर से पथराव किए जाने की सूचना मिली, जिसके कारण तनाव और बढ़ गया। एएसपी कुमारी शैलजा ने बताया कि अब तक तीन पुलिसकर्मी घायल हुए हैं तथा दस लोगों को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने कहा कि आंदोलन के दौरान कुछ लोगों ने कानून को अपने हाथ में लिया और सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाई। ऐसे लोगों की पहचान की जा रही है और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी स्थिति में कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
घटना के बाद पुलिस ने नगरनौसा बाजार, प्रमुख चौक-चौराहों और संवेदनशील इलाकों में फ्लैग मार्च किया। ड्रोन कैमरे और वीडियो फुटेज के आधार पर उपद्रवियों की पहचान की जा रही है। प्रशासन का दावा है कि फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है और यातायात व्यवस्था भी बहाल कर दी गई है। इसके बावजूद किसी भी अप्रिय घटना की आशंका को देखते हुए भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती जारी है। डिग्री कॉलेज की मांग को लेकर हुए इस हिंसक प्रदर्शन ने पूरे इलाके को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया है।
राज की रिपोर्ट