बिहार में सत्ताधारी BJP से काफी आगे निकल गई RJD,जदयू का नंबर तीसरा तो कांग्रेस की हालत सबसे खस्ता...

बिहार में सत्ताधारी BJP से काफी आगे निकल गई RJD,जदयू का नंबर तीसरा तो कांग्रेस की हालत सबसे खस्ता...

PATNA : बिहार में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों ने  1 लाख 23 हजार बूथ लेवल एजेंट बनाए हैं ।सूबे के 12 राजनीतिक दलों ने बूथ स्तर पर बी एल ए बनाए हैं। इनमें राजद सबसे ऊपरी पायदान पर है। राजद ने बीजेपी को पीछे छोड़ते हुए 50268 बूथ लेवल एजेंट बनाए हैं, दूसरे नंबर पर भाजपा और तीसरे नंबर पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जेडीयू है। 

भाजपा ने जहां 38713 बूथ लेवल एजेंट बनाए हैं वहीं जेडीयू ने 26864 बनाए हैं। कांग्रेसी जो सबसे पुरानी पार्टी है वह सिर्फ 2244 बूथ लेवल एजेंट बना पाई। निर्वाचन विभाग ने बूथ लेवल एजेंट की पूरी सूची अपनी वेबसाइट पर जारी कर दी है। चुनाव आयोग ने सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों से बूथ लेवल एजेंट बनाने के लिए कहा है। राजनीतिक दलों द्वारा बनाए गए बूथ लेवल एजेंट मतदाता सूची की त्रुटियों को दूर करने में BLO की मदद करते हैं ।सभी राजनीतिक दलों के लिए जमीनी स्तर के कार्यकर्ता काफी मददगार साबित होते हैं ।बूथ लेवल एजेंट संबंधित मतदाताओं की पूरी जानकारी रखते हैं, वहीं जिन वोटरों की मृत्यु हो चुकी है उनका नाम मतदाता सूची में है तो उन्हें हटाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका होती है ।

बता दें कि बिहार में मतदान केंद्रों की संख्या 72 हजार से अधिक है। इस बार कोरोना संकट की वजह से लगभग 34 हजार अतिरिक्त मतदान केंद्र बनाए गए हैं। इस हिसाब से सभी मान्यता प्राप्त दलों को बूथ लेवल एजेंट बनाना है। लेकिन ज्यादातर दल इसमे दिलचस्पी नही दिखाई है।

 कोई भी राजनीतिक दल ऐसा नहीं है जिसमें सभी जिलों में  बी एल ए की नियुक्ति किए हैं।  ऊपरी पायदान पर रहने के बावजूद राजद ने लखीसराय और मधुबनी में बी एल ए नहीं बनाया है ।वही सत्ताधारी भाजपा ने अररिया और पूर्णिया में बी एल ए नहीं बनाया है।  जेडीयू की स्थिति तो और ही खराब है उसने तो 10 से अधिक जिलों में बूथ लेवल  एजेंट  नहीं बनाए हैं ।

Find Us on Facebook

Trending News