तीन करोड़ की कार से दो लोगों की जान लेनेवाले नाबालिग को बचाने को लेकर घिरे सीएम शिंदे, दोषियों पर सख्त कार्रवाई के दिए निर्देश

तीन करोड़ की कार से दो लोगों की जान लेनेवाले नाबालिग को बचान

पुणे में पोर्शे कार से हुए दो लोगों की मौत की लेकर आलोचना झेल रहे सीएम शिंदे ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस केस में दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। सीएम की यह कार्रवाई उस वायरल वीडियो के सामने आने के बाद की गई है। जिसमें वह अपने दोस्तों के साथ शराब पीता हुआ नजर आ रहा है। शराब पीने के बाद उसने दो सौ की स्पीड में गाड़ी चलाते हुए दो लोगों को टक्कर मार दी थी, जिसमें दोनों की मौत हो गई थी। 

कार चालक नाबालिग बताया जा रहा है। आरोपी के पिता विशाल अग्रवाल (Vishal Agarwal) ब्रम्हा रियल्टी के जाने-माने बिल्डर हैं। जिन्हें अब पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने पुणे कमिश्नर से इस केस को लेकर बातचीत की है. इस मामले में मुख्यमंत्री ने कार एक्सीडेंट में दोषी पर सख्त से सख्त कार्रवाई के आदेश दिए हैं

पुणे में 19 मई को एक नाबालिग ने अपनी पोर्श कार से बाइक सवार दो IT इंजीनियर्स युवक-युवती को टक्कर मारी थी। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। आरोपी नाबालिग 12वीं की परीक्षा पास करने पर अपने दोस्तों के साथ पार्टी करके लौट रहा था। वह शराब के नशे में करीब 200 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से कार चला रहा था।

बता दें कि कार हादसे के नाबालिग आरोपी (Vedant Agarwal) को केवल पंद्रह घंटे बाद जमानत दे दी गई। इस दौरान जुबेनाइल कोर्ट ने आरोपी को सिर्फ तीन सौ शब्दों में निबंध लिखने और 15 दिन तक ट्रैफिक कर्मियों संग काम करने के लिए कहा था। कोर्ट के इस  आदेश के बाद न सिर्फ विपक्ष ने सरकार के काम पर सवाल उठा दिये। 

बल्कि सोशल मीडिया पर भी पूरी घटना का वीडियो वायरल होने लगा। जिसके बाद सीएम शिंदे को भी मामले में दखल देना पड़ा है। जिसे लेकर कई तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं. इस सड़क हादसे में दो लोगों की मौत हो गई थी।

मध्य प्रदेश के रहनेवाले हैं दोनों मृतक

तेज रफ्तार कार ने जब बाइक में टक्कर मारी तो उसपर दो लोग सवार थे. इस सड़क हादसे में दोनों बाइक सवार की मौत हो गई. ये सड़क हादसा पुणे के कल्याणी नगर (Kalyani Nagar Accident) इलाके में हुआ. मृतक की पहचान इंजीनियर अनीश अवधिया (Anish Awadhiya) और अश्वनी कोष्टा (Ashwini Kosta) के रूप में हुई है।

युवक अनीश अवधिया मध्य प्रदेश के उमरिया जिले के बिरसिंहपुर और युवती अश्विनी कोष्टा जबलपुर की रहने वाली थी। एक की डेड बॉडी कल (20 मई) और दूसरे की आज (21 मई) उनके घर पहुंची। अनीश के चाचा अखिलेश अवधिया ने कहा- ये हादसा नहीं हत्या है। आरोपी को जमानत नहीं दी जानी चाहिए थी।

अश्विनी कोष्टा के पिता सुरेश कोष्टा ने कहा कि आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए, ताकि लोगों को इससे सबक मिले। मेरी बेटी ने अपनी पढ़ाई पुणे में पूरी की और उसे वहीं नौकरी मिल गई थी। भाई समरप्रीत ने बताया कि अश्विनी पुणे में 6 साल से थी, जनवरी में ही उसने 24वां जन्मदिन मनाया था


हादसे में मारे गए अनीश और अश्वनी।